चरखारी (महोबा)। कस्बे में ऐतिहासिक कजली जुलूस परंपरागत तरीके से धूमधाम के साथ निकला। जुलूस के दौरान झांकियां व हाथी, घोड़े मुख्य आकर्षण का केंद्र रहे। कजली जुलूस में शामिल होने के लिए भारी संख्या में लोगों की भीड़ उमड़ी रही।
कस्बा चरखारी में कजली मेले से एक दिन पहले कजली जुलूस निकालने की परंपरा है। बुधवार को पालिकाध्यक्ष मंजू कुशवाहा व उनके प्रतिनिधि रामपाल कुशवाहा ने रायनपुर स्थित गुमान बिहारी मंदिर से कजली पूजन कर जुलूस का शुभारंभ कराया। जुलूस के दौरान राजकुमारी चंद्रावल, आल्हा-ऊदल की झांकियां, हाथी, घोड़े आकर्षण का केंद्र रहे। इस दौरान लोगों ने बुंदेलखंडी लोकगीत, नृत्य आदि का आनंद उठाया।
जुलूस में कस्बा समेत आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से हजारों की संख्या में लोग पहुंचे। जुलूस रायनपुर मंदिर से प्रारंभ होकर वी पार्क, सदर बाजार, डयोढ़ी दरवाजा, बस स्टैंड होते हुए कोठी तालाब पहुंचा। जहां परंपरागत तरीके से कजली का विसर्जन किया गया।
इस दौरान एसडीएम डॉ. प्रदीप कुमार, सीओ उमेश चंद्र, प्रभारी निरीक्षक गणेश कुमार गुप्ता, सतीष श्रीवास्तव, गर्जन सिंह, सुरेंद्र प्रताप सिंह, राम महाराज, सपा जिलाध्यक्ष शोभालाल यादव आदि मौजूद रहे। इसके अलावा बस स्टैंड पर अंकित, तेजराम ने आल्हा गायन व मलखान के तमूरा वादन से लोगों में जोश भरा।