महोबा। महोबा डिपो की बस में झांसी के पास फर्जी परिचालक के टिकट बनाने के मामले में बड़ी कार्रवाई हुई है। मुख्यालय लखनऊ के प्रधान प्रबंधक कार्मिक ने वरिष्ठ केंद्र प्रभारी की लापरवाही उजागर होने पर तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
बांदा मंडल के क्षेत्रीय प्रबंधक ने जूनियर इंचार्ज समेत पांच को निलंबित किया है। इस कार्रवाई से विभिन्न रूटों पर चलने वाले चालकों और परिचालकों में खलबली है।
दिल्ली से महोबा आ रही रोडवेज बस में 12 अक्तूबर को एक यात्री के बेटिकट मिलने पर परिवहन विभाग की टीम ने जांच की थी। जांच के दौरान बस का परिचालक गायब मिला था जबकि उसके स्थान पर अन्य व्यक्ति टिकट बना रहा था। इस फर्जीवाड़े का खुलासा होने के बाद मुख्यालय लखनऊ से पूरे मामले की जांच के आदेश दिए गए थे।
प्रथम दृष्टया दोषी मिलने पर रोडवेज डिपो महोबा के नियमित परिचालक जय सिंह को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया था जबकि चालक शकील अली, दूसरे चालक महेंद्र सिंह और परिचालक संजय गुप्ता की संविदा समाप्त की गई थी।
शुक्रवार को लखनऊ मुख्यालय के प्रधान प्रबंधक कार्मिक अशोक कुमार ने महोबा डिपो के वरिष्ठ केंद्र प्रभारी मैराज मोहम्मद को निलंबित किया है। वहीं, बांदा मंडल के क्षेत्रीय प्रबंधक संदीप अग्रवाल ने जूनियर इंचार्ज विजय नारायण विश्वकर्मा, समय व्यवस्थापक संतराम व नसीम कुरैशी, बैग बॉयज अवधेश अवस्थी और ईटीएम लिपिक प्रमोद कुशवाहा को निलंबित किया है। इस कार्रवाई से लापरवाही कर्मचारियों में खलबली मची है।