गौरैया का अस्तित्व बचाने के लिए वन विभाग ने अभियान छेड़ दिया है। 18 दिवसीय विश्व गौरैया दिवस पर गोष्ठी कर दुर्लभ पक्षी को संरक्षित करने की जानकारी दी गई। इस मौकेे पर बच्चों को घोंसले बांटे गए।
विश्व गौरैया दिवस पर बुधवार को रायनपुर प्राथमिक विद्यालय में गोष्ठी आयोजित की गई। यहां वन क्षेत्राधिकारी कमला प्रसाद ने गौरैया का अस्तित्व बचाने की जरूरत बताते हुए कहा कि अगर समय पर गौर न किया गया तो गिद्ध और डोंड़ा पक्षी की तरह यह प्रजाति विलुप्त हो जाएगी। उन्होंने कहा कि घोंसलों को घरों से न हटाएं।
कार्यक्रम के बाद प्रधानाध्यापक प्रियंका राजपूत की मौजूदगी में रेंजर ने छात्र छात्राओं को गौरैया के संरक्षण के लिए लकड़ी के घोंसले, दाने का पैकेट बांटे। इस मौके पर वन दरोगा देवेन्द्र सिंह, शहजाद इस्माइल,रिषभ मिश्रा,पंकज कुमार सहित तमाम वन कर्मचारी मौजूद रहे।