महोबा। मोहम्मद साहब की जश्न-ए-यौमे पैदाइश की तैयारियां तेज हैं। मस्जिदों की रंगाई-पुताई करा दी गई है। वहीं शहर के मुख्य मार्गों, चौराहों और गलियों में लट्ठे-बल्ली गाड़कर हरे परचम और बैनरों से भव्य सजावट की जा रही है। कई स्थानों पर हरे झंडे और बैनरों की बिक्री हो रही है।
10 नवंबर को बारह-रवीउल-अव्वल मनाई जाएगी। मोहल्लों में कमेटियां बनाकर मुख्य मार्गों, गलियों, चौराहों और घरों में बिजली की आकर्षक सजावट की जा रही है। पुलिस चौकी, खनगा बाजार चौराहा, ऊदल चौक व भीतरकोट विशेष सजावट की गई है। नवयुवक स्वयं लठा-बल्ली गाड़ने में जुटे हुए हैं। मुस्लिम बहुल इलाकों में पर्व को लेकर चहल-पहल बढ़ गई है।
13 नवंबर को मौलाना साबिरुल कादरी करेंगे खिताब
महोबा। सरकार की आमद मरहबा आक़ा की आमद मरहबा 12 रवीउल अव्वल शरीफ को लेकर लोगों में खासी खुशी है। जश्न-ए-ईद मिलादुन्नबी पैगंबर-ए-इस्लाम मोहम्मद साहब की पैदाइश का दिन है। इस पर मोहल्ला कसौराटोरी में एक इस्लामी प्रोग्राम है। इसमें बाहर से उलमा मौलाना साबिरुल कादरी साहब बहराइच, मौलाना अख्तर रजा सुल्तानी एरच झांसी, कारी आफाक हुसैन साहब काजी-ए-शहर महोबा, हाफिज सुबहान बकाई कसौरा और इकराम हाफिज अजमेरी कसोरा 11 नवंबर को पैगंबर-ए-आजम की शान बयान करेंगे।