विधानसभा प्रत्याशियों की ओर से शहर में गाजे बाजे के साथ निकाले गए रोड शो के दौरान एंबुलेंस जाम में फंस गई। इस दौरान कुलपहाड़ सीएचसी से रेफर की गई प्रसूता एंबुलेंस में चीखती रही।
उसके परिजनों ने हाथ जोड़कर रास्ता खोलने का निवेदन किया, लेकिन उनकी पुकार सुनने को कोई तैयार नहीं हुआ। करीब आधे घंटे बाद रास्ता खुला तब जाकर प्रसूता को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी हालत गंभीर बताई जा रही है।
कस्बा कुलपहाड़ निवासी रोहनी पत्नी देवेंद्र को प्रसव पीड़ा होने पर परिजन सोमवार को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कुलपहाड़ ले गए। हालत गंभीर देख चिकित्सक ने उसे महिला जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया। एंबुलेंस प्रसूता को लेकर जिला अस्पताल आ रही थी
तभी अस्पताल से 50 कदम की दूरी पर मुख्य सड़क से विधानासभा प्रत्याशियों द्वारा चुनाव को लेकर निकाले जा रहे रोड शो से जाम लग गया। जाम में दर्जनों की संख्या में छोटे व बड़े वाहनों के फंस गए। ढोल नगाड़े औैर गाजे बाजे से निकल रहे जुलूस के चलते करीब आधा घंटे तक एंबुलेंस जाम में फंसी रही।
इस दौरान प्रसूता कराहती रही। परिजन भी हाथ जोड़कर रास्ता खोलने के लिए निवेदन करते रहे, लेकिन कोई सुनने को तैयार नहीं हुआ। आधा घंटे बाद जाम खुलने पर प्रसूता को महिला जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां उसकी हालत नाजुक बनी है।
कोतवाली क्षेत्र के ग्राम कालीपहाड़ी निवासी ऊषा 24 पत्नी दिलीप को प्रसव पीड़ा होने पर परिजनों ने 102 नंबर एंबुलेंस सेवा को फोन किया। सूचना पर पहुंची एंबुलेंस प्रसूता को महिला जिला अस्पताल ला रही थी तभी रास्ते में प्रसूत ने नवजात शिशु को जन्म दे दिया। जच्चा बच्चा को महिला जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। डाक्टरों ने जच्चा बच्चा की हालत खतरे से बाहर बताई है।