खरेला (महोबा)। ओवरलोड वाहनों के आवागमन से रिवई-कबरई संपर्क मार्ग ध्वस्त हो गया है। 25 टन भार क्षमता की ग्रामीण सड़क पर 60 टन लोड डंपरों व ट्रकों के निकलने से सड़क उखड़ और धंस गई है। एक वर्ष पहले बनी 10 किमी सड़क में दो-दो फीट गहरे गड्ढे हो गए हैं। इसी सड़क के बीच बना चंद्रावल नदी का पुल भी क्षतिग्रस्त होने लगा है। इससे किसी बड़े हादसे का खतरा बना रहता है। गड्ढायुक्त सड़क में आएदिन बाइक सवार गिरकर चुटहिल हो रहे हैं।
थाना खरेला क्षेत्र के अंतर्गत रिवई-कबरई संपर्क मार्ग में दिन रात डंपर व ट्रक गुजर रहे हैं। लगातार भारी वाहनों की आवाजाही होने से दस किमी सड़क पूरी तरह गड्ढों में तब्दील हो गई है। इस मार्ग से जुड़े कीरतपुरा, काकुन, बम्हौरी, पाठा, कमलखेड़ा, कनेरी, सलुआ, शिवहार, बमरारा और कबरई के उटिया, धरौन समेत एक दर्जन गांव के ग्रामीणों का आवागमन है। जहां डंपरों के तेज गति और ओवरलोड के चलते हर समय हादसे की आशंका रहती है।
चंद्रावल बांध पर सिंचाई विभाग के बने पुल की दशा भी क्षमता से अधिक भार के बड़े वाहन निकलने से दिन प्रतिदिन बिगड़ रही है। पुल की बिगड़ती दशा से कभी भी बड़ी घटना हो सकती है। कमलखेड़ा प्रधान शिवरतन सिंह ने बताया की प्रशासन के नियम कानून को किनारे कर दिन रात ओवरलोड वाहन दौड़ रहे हैं। उधर, एसडीएम चरखारी राजेश यादव का कहना है कि ओवरलोड पर कार्रवाई की जाती है। खनिज की टीम भी समय-समय पर जांच करती रहती है। रिवई-कबरई मार्ग से भारी वाहनों पर रोक लगाने के लिए अभियान चलाया जाएगा।
पीएमजीएसवाई से बनी रिवई-कबरई सड़क की मरम्मत एक वर्ष पहले कराई गई थी। ग्रामीण सड़क पर 25 टन भार क्षमता के वाहन निकलना अनुमन्य है, लेकिन अधिक भार लेकर गुजरते वाहनों ने सड़क तोड़ दी है। सड़क पर मान्य भार क्षमता की जानकारी के लिए संकेतक लगवाए गए हैं। अवहेलना करने वाले वाहनों को रोकने के लिए डीएम महोबा को भी लिखा गया है।
बीबी अग्रवाल
अधिशासी अभियंता, लोक निर्माण प्रखंड