कबरई (महोबा)। पत्थरमंडी कबरई में मोक्षधाम जर्जर होने पर लोग मोक्षधाम के बाहर खुले में अंतिम संस्कार करने को मजबूर हैं।
बृहस्पतिवार को खुले मैदान में किए गए अंतिम संस्कार के दौरान बारिश होने से शव पूरी तरह नहीं जल सका। तब मजबूरी में शव का दोबारा अंतिम संस्कार करना पड़ा। इससे परिजनों में नाराजगी है।
कस्बे के आजाद नगर निवासी पप्पू अहिरवार का बीमारी के चलते को निधन हो गया था। बृहस्पतिवार को शव को अंतिम संस्कार के लिए सुभाष नगर के मोक्षधाम ले जाया गया। भवन जर्जर होने से डेढ़ साल से मोक्षधाम बंद है। इससे परिजनों ने मजबूरी में खुले मैदान में अंतिम संस्कार किया। कुछ देर बाद बारिश होने लगी। इससे शव पूरी तरह से नहीं जल सका।
तब शरीर के अधजले अंगों का परिजनों ने दोबारा अंतिम संस्कार किया। उधर, नगर पंचायत ईओ अवधेश कुमार का कहना है कि मोक्षधाम का शीघ्र निर्माण कराया जाएगा।
अभी तक नहीं तोड़ी गई जर्जर छत
अभी तक न तो इसकी जर्जर छत को तुड़वाया गया और न ही नया निर्माण हुआ। इससे मोक्षधाम के बाहर अंतिम संस्कार करना मजबूरी है। नगरवासी अशोक वर्मा, राजू तिवारी, पुष्पेंद्र त्रिपाठी, हरी सेन, संदीप शुक्ला, बीरबल कुशवाहा, अरुण प्रजापति, विवेक त्रिवेदी आदि का कहना है कि गर्मी के मौसम में चिलचिलाती धूप च बारिश के दौरान खुले मैदान में अंतिम संस्कार करने में दिक्कत होती है।