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Mahoba: चरखारी विधायक बृजभूषण राजपूत ने फिर दिखाए तेवर, कहा- जरूरत पड़ी तो मुख्यमंत्री को भी रोकेंगे

Wed, 04 Feb 2026 01:46 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, महोबा

सार

एक कार्यक्रम के दौरान उनके भाषण के दो वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हो रहे हैं। जिसमें वह कह रहे हैं कि अगर जरूरत पड़ी तो मुख्यमंत्री को भी रोकेंगे।
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जलशक्ति मंत्री व चरखारी विधायक बृजभूषण राजपूत में हो गई कहासुनी, file - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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जलशक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह के 30 जनवरी को महोबा भ्रमण के दौरान काफिला रोकने वाले चरखारी विधायक बृजभूषण राजपूत  के तेवर कम नहीं हो रहे हैं। एक कार्यक्रम के दौरान उनके भाषण के दो वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हो रहे हैं। जिसमें वह कह रहे हैं कि अगर जरूरत पड़ी तो मुख्यमंत्री को भी रोकेंगे। बंधक बनाना उनके लिए कोई बड़ी बात नहीं है। ये मेरा व्यक्तिगत नहीं, बल्कि जनता और विकास से जुड़ा मुद्दा है। हालांकि संवाद न्यूज एजेंसी वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करती है।

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वायरल वीडियो में चरखारी विधायक कह रहे हैं कि मैं अपनी बात सड़क पर रख रहा हूं, तो इसमें किसी को आपत्ति क्यों हो रही है। आप सब का आशीर्वाद था, तो मंत्री जी को रोका है। यह जनता की और विकास की बात है। मैं यह बात कमरे में क्यों करूं, सड़क पर क्यों नहीं कर सकता। अगर मैंने सड़क पर अपनी बात रखी तो कुछ लोगों को दिक्कत क्यों हो रही है। किसी ठेके, पट्टे या पदोन्नति की मांग नहीं कर रहे बल्कि केवल क्षेत्र की समस्याएं उठा रहे हैं। ऐसे में मुझे गलत ठहराना उचित नहीं है।

उन्होंने कहा कि जब कांग्रेस की सरकार थी, उस समय जो अधिकारी काम नहीं करता था, उसे चूड़ियां पहनवा देते थे। बंधक बनाना मेरे लिए कोई बड़ी बात नहीं है। वायरल वीडियो में विधायक ने कहा कि यह मेरा विधायक वाला रूप है। विधायक बनने से पहले मैं बुंदेलखंड अधिकार सेना चलाता था और बाद में भाजपा का सदस्य बना। जब से भाजपा का सदस्य बना हूं, मैं पार्टी के अनुशासन में रहता हूं।
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बृजभूषण राजपूत ने अपने पुराने आंदोलनकारी जीवन का भी जिक्र किया। कहा कि जब मैं विधायक नहीं था, तो कांग्रेस की सरकार थी। तब झांसी के तत्कालीन केंद्रीय मंत्री प्रदीप जैन के घर जाकर उन्हें बंधक बनाया था। उन्होंने दावा किया कि प्रधानमंत्री कार्यालय से पत्र आने के बाद ही मंत्री को छोड़ा गया। जिसमें बुंदेलखंड की समस्याओं को लेकर प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की बात कही गई थी। 

यह था मामला
30 जनवरी को महोबा में भाजपा विधायक बृजभूषण राजपूत और कैबिनेट मंत्री स्वतंत्र देव सिंह आपस में भिड़ गए। मंत्री एक कार्यक्रम से लौट रहे थे। तभी विधायक ने 100 ग्राम प्रधानों के साथ मिलकर उनका रास्ता रोक लिया। 30 कार और 20 बाइकें मंत्री के काफिले के सामने खड़ी कर दी थी। चरखारी विधायक ने मंत्री से अपनी विधानसभा के 100 गांवों में पानी न पहुंचने और पाइपलाइन के लिए खोदी गई सड़कों की मरम्मत न होने पर नाराजगी जताई थी।

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