कोहरे से दिन में भी साफ न दिखते वाहन।
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जिले में कोहरे के साथ ही ठंड ने दस्तक दे दी है। ठंड के साथ ही स्वेटर, कोट भी निकल आए। गुरुवार दोपहर को निकली हल्की धूप का भी लोगों ने आनंद लिया। गौरतलब है कि पिछले एक पखवारे से रात में ठंडक पड़ने और दिन में तेज धूप के चलते लोग स्वेटर और गर्म कपड़ों का इस्तेमाल नहीं कर रहे थे। इससे ऊनी वस्त्र विक्रेताओं की दुकानों पर सन्नाटा था। गुरुवार को सुबह चार बजे से ही आसमान में छाए कोहरे और सर्दीली हवाओं के चलने से ठंड ने जोर पकड़ लिया है।
ठंड पड़ने से बुजुर्ग घरों में दुबके रहे। वहीं सुबह से ही लोगों ने घर के दरवाजे पर अलाव जलाकर सर्दी से निजात ली। दिसंबर माह की शुरुआत होते ही सर्दी का भी आगाज हो गया है। ठंड बढ़ने से ऊनी कारोबारी खासा खुश दिखाई दिए। आज बाजार में गर्म वस्त्रों की दुकानों पर ग्राहक जुटने से दुकानों का सन्नाटा दूर हो गया है। गुरुवार को कोहरा पड़ने से ट्रेन और एक्सप्रेस गाड़ियों की रफ्तार थम गई है। इससे सभी ट्रेनें चार से आठ घंटा देरी से आई। यात्री ट्रेनों के इंतजार में घंटों रेलवे स्टेशन में बैठे रहे।
दिल्ली से महोबा आने वाली संपर्कक्रांति सुबह पांच बजे के स्थान पर 11 बजे छह घंटे देरी से आई। 11:40 बजे पर ग्वालियर से आने वाली चंबल एक्सप्रेस 3:30 बजे के बाद आई। रात में दो बजे आने वाली महाकौशल एक्सप्रेस सुबह नौ बजे सात घंटे देरी से आई। इसी तरह रात में आने वाली बुंदेलखंड एक्सप्रेस दो बजे के स्थान पर सुबह 10 बजे आठ घंटा देरी से आई। अन्य ट्रेनें भी देरी से चलती रही।