महोबा/अजनर। ब्लॉक जैतपुर के अजनर मंडी में बने पीसीएफ क्रय केंद्र में जांच में कई खामियां मिलीं। मसूर की खरीद में अनियमितता पाए जाने पर पीसीएफ केंद्र प्रभारी के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया गया है। साथ ही उन्होंने केंद्र से तत्काल प्रभाव से हटा दिया गया है।
शासन के निर्देश पर समर्थन मूल्य योजना के तहत दलहन और तिलहन खरीद के लिए अजनर मंडी में पीसीएफ क्रय केंद्र खोला गया था। जहां मध्य प्रदेश के व्यापारियों व बिचौलियों से मसूर खरीदे जाने का किसानों ने आरोप लगाया था। कार्रवाई की मांग को लेकर एक सप्ताह पहले हलधर किसान यूनियन के बैनर तले किसानों ने धरना दिया था।
तब डीएम मृदुल चौधरी ने एडीएम नमामि गंगे के नेतृत्व में चार सदस्यीय जांच टीम गठित की थी। जांच टीम ने अभिलेख चेक किए। इसमें पता चला कि 16 अप्रैल से 18 मई तक 13,773 क्विंटल मसूर 687 किसानों से खरीदी गई। टीम ने 15 किसानों के बयान दर्ज किए। इनमें से सात किसानों के मोबाइल नंबर गलत होने की बात सामने आई।
उच्चाधिकारियों के निर्देश थे कि प्रत्येक केंद्र पर राजस्व निरीक्षक किसानों के खसरा-खतौनी के आधार पर उपज का सत्यापन करेगा लेकिन क्रय केंद्र प्रभारी ने बिना सत्यापन के मसूर की खरीद की। इससे उच्चाधिकारियों के आदेशों की अवहेलना व खरीद में अनियमितता उजागर हुई।
पीसीएफ प्रबंधक रज्जनलाल की तहरीर पर थाना अजनर में पीसीएफ केंद्र प्रभारी दिनेश कुमार के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज किया गया है। थानाध्यक्ष प्रवीण कुमार सिंह का कहना है कि तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज की गई है। जांच में यदि और साक्ष्य मिलते हैं तो धाराएं बढ़ाई जाएंगी।