महोबा। शासन के निर्देश पर जिले में डिजिटल क्रॉप सर्वे का काम युद्धस्तर पर चल रहा है। राजस्वकर्मी गांव गांव जाकर खेतों का सर्वे कर रहे हैं। ऑनलाइन खसरा तैयार किए जाने के लिए कराए जा रहे इस सर्वे से किसानों को फायदा होगा। रविवार को अपर जिलाधिकारी ने डिजिटल क्रॉप सर्वे की हकीकत परखी। उन्होंने खेतों में पहुंच इसकी जानकारी लेते हुए सभी जानकारियां एकत्र करने के निर्देश दिए।
किसानों की आय बढ़ाने और सरकार की योजना का अधिक से अधिक लाभ देने के उद्देश्य से डिजिटल क्रॉप सर्वे कराया जा रहा है। इसका उद्देश्य किसानों के लिए सस्ता ऋण, उचित सलाह और बाजारों तक पहुंच आसान बनाना है। जिसके तहत किसानों को उनके खेत में बोई गई वास्तविक फसल के उत्पाद की बिक्री के लिए अपने अभिलेख का सत्यापन कराने से मुक्ति मिल जाएगी। साथ ही फसल नुकसान की स्थिति में किसान को वास्तविक क्षति का मुआवजा मिल सकेगा।
डिजिटल क्रॉप सर्वे का काम राजस्वकर्मियों के सहयोग से गांव-गांव में किया जा रहा है। जिसके तहत राजस्व कर्मी खेतों में पहुंच किसान का नाम, रकबा, गाटा संख्या, फसल, खेत की फोटो आदि मोबाइल एप के माध्यम से फीड कर रहे हैं। इसके बाद किसानों का खसरा ऑनलाइन हो जाएगा। सर्वे की हकीकत परखने के लिए एडीएम रामप्रकाश ने कई गांव का भ्रमण किया। कैमाहा में किसानों के खेतों में चल रहे सर्वे की जानकारी ली। इस मौके पर नायब तहसीलदार अभय प्रताप सिंह, कानूनगो संदीप कुमार श्रीवास्तव, पंचायत सहायक पवन पटेल आदि मौजूद रहे।