चरखारी (महोबा)। कस्बे के ऐतिहासिक गोवर्धन्नाथ जू मेले में चल रही श्रीमद्भागवत कथा में बुधवार को वृंदावनधाम से पधारे आचार्य मनु महाराज ने कृष्ण-रक्मिणी विवाह की कथा सुनाकर भक्तों को भावविभोर कर दिया। आचार्य ने कहा कि भगवान कृष्ण ने 16 हजार कन्याओं से विवाह कर उनके साथ सुखमय जीवन बिताया। श्रीकृष्ण-रक्मिणी विवाह की झांकी आकर्षण का केंद्र रही।
भागवत में आचार्य ने कहा कि महारास में भगवान श्रीकृष्ण ने बांसुरी बजाकर गोपियों का आह्वान किया। महारास लीला से ही जीवात्मा परमात्मा का मिलन हुआ। जीव और ब्रह्म के मिलने को ही महारास कहते हैं। भगवान श्रीकृष्ण ने गोपियों को रास के माध्यम से सदैव के लिए परमानंद की अनुभूति करवाई। आस्था और विश्वास के साथ भगवत प्राप्ति आवश्यक है। भगवत प्राप्ति के लिए निश्चय और परिश्रम भी जरूरी है।
कथा में भजन ‘मैं तो सुन मुरली की तान दौड़ आई सांवरिया’ सुनकर महिलाएं झूमने को मजबूर हो गईं। कृष्ण-रक्मिणी विवाह में सजाई गई झांकी के दौरान वरमाला पहनाने पर भक्तों ने फूलों की बारिश की। कथा सुनने के लिए भाजपा जिलाध्यक्ष जीतेंद्र सिंह सेंगर, पालिका अध्यक्ष मूलचंद्र अनुरागी, केके सोनकर, अरविंद गुप्ता, योगेश मिश्रा, अयूब खान, प्रदीप पंसारी आदि भक्त मौजूद रहे।