महिलाओं से छीटाकसी का विरोध करने पर ग्रामीणों ने बारातियों पर लाठी-डंडों से हमला कर लहूलुहान कर दिया। मारपीट में सात बाराती गंभीर रूप से घायल हो गए। बाद में महिलाओं की छीना छपटी कर जेवर लूट ले गए। ग्रामीणों के हमले से जनवासे में भगदड़ मच गई। सैनिक (दूल्हा) ने आठ लोगाें के खिलाफ तहरीर दी है। सुबह गुरुवार को पुलिस की देखरेख में भांवरें पड़ी।
थाना खरेला के ग्राम पहरेथा निवासी प्रभुदयाल ने अपने बेटे सुखराम राजपूत की शादी कोतवाली चरखारी के ग्राम गोरखा में तय कर दी थी। सुखराम कारगिल में सैनिक के पद पर तैनात है। बुधवार रात सैनिक सुखराम की बारात गोरखा गांव पहुंची। तभी भोजन के दौरान गांव के कुछ लोगाें ने महिलाओं के साथ छींटाकशी कर दी। इससे बारातियों का ग्रामीणों से विवाद हो गया। विवाद बढ़ने पर लड़की पक्ष के लोगाें से समझाबुझा कर मामला शांत करा दिया।
जयमाला के बाद कुछ बाराती जनवासे में आराम करने चले गए। तभी आठ लोगों ने जनवासे में मौजूद बारातियों पर लाठी-डंडों से हमला कर लहूलुहान कर दिया। इससे दूल्हा का बहनोई प्रेमचंद्र, रामकुमार सहित सात बाराती गंभीर रूप से घायल हो गए। बारातियों की मारपीट की खबर लगते ही रात में भांवरों का कार्यक्रम रुक गया।
सैनिक ने गुरुवार को सुबह कोतवाली चरखारी में रामनारायण, कृपाल, राजू, सुरेश कुमार सहित आठ लोगों के खिलाफ मारपीट कर लूटपाट किए जाने की तहरीर दे दी है। गुरुवार को ही पुलिस की देखरेख में शादी संपन्न कराई गई। पुलिस मामले की जांच पड़ताल में जुट गई है।