लखनऊ से आई विजिलेंस टीम ने बीएसए कार्यालय में छापा मारकर बीएसए रामेश्वर प्रसाद को रंगे हाथों 50 हजार रुपये घूस के साथ को गिरफ्तार कर लिया। वहीं, बीएसए को झूठा फंसाए जाने को लेकर टीचरों ने थाने में जमकर हो हल्ला किया। विकासखंड जैतपुर के प्राथमिक विद्यालय भदरवारा में सहायक अध्यापक के पद पर तैनात विक्रांत पटैरिया ने एक माह पहले
व्हाट्स एप में टिप्पणी की थी कि ‘जिस अधिकारी में दम हो मेरा स्कूल चेक करें।’ इस पर बीएसए ने सहायक अध्यापक के खिलाफ नोटिस जारी किया था। साथ ही कोतवाली कुलपहाड़ में सहायक अध्यापक के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की तहरीर भी दी थी। इस मामले को निपटाने के लिए बीएसए और टीचर से 50 हजार रुपये लेनदेन की बात हुई थी। इसके बाद टीचर
विक्रांत पटैरिया ने विजिलेंस टीम लखनऊ से वार्ता कर उसे व्हाट्स एप में हुई चैटिंग की प्रतियां भी उपलब्ध कराई। बुधवार को टीचर ने बीएसए को 50 हजार रुपये दिए। इसके थोड़ी देर बाद विजिलेंस टीम लखनऊ के डिप्टी एसपी जेके सिंह ने ओमकार, रामचंद्र चौधरी, रामनारायण, केएल सागर सहित टीम के 10 सदस्यों के साथ बीएसए कार्यालय में छापा मारा। जहां पर
बीएसए की जेब से टीम ने 50 हजार रुपये नगद बरामद किए। टीम जीप में बीएसए को कोतवाली महोबा ले आई। जहां पर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी रामेश्वर प्रसाद के हाथ धुलवाए। हाथों लाल रंग निकला। टीम ने खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया गया है। पुलिस ने बीएसए को हिरासत में ले लिया है। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी रामेश्वर प्रसाद का कहना है कि टीचर ने अपने यूनियन के सदस्यों के साथ मेरी जेब में जबरदस्ती रुपये डाल दिए और मुझे मारते हुए टीम के हवाले कर दिया।
बीएसए के खिलाफ कार्रवाई से नाराज टीचरों ने लगाया जाम
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी के खिलाफ बिजिलेंस टीम द्वारा की गई कार्रवाई के विरोध में जिले भर के टीचरों ने देर शाम तहसील चौराहे पर जाम लगा कर नारेबाजी। इससे पुलिस और टीचराें में जमकर नोकझोंक हुई। टीचर बीएसए को गलत फंसाए जाने का विरोध कर रहे थे। बवाल बढ़ता देख जिले भर की फोर्स बुला ली गई।
टीचरों ने आरोप लगाया कि विकासखंड जैतपुर के ग्राम भरदवारा में तैनात सहायक अध्यापक विक्रांत पटैरिया ने उनके खिलाफ चल रही जांच के कारण साजिश रचकर बीएसए को झूठा फंसाया है। प्रकरण की जांच कराए जाने की मांग को लेकर जिले भर के टीचराें ने तहसील चौराहा पहुंचकर जमकर नारेबाजी की और पुलिस प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन कर विरोध
जताया। टीचरों ने आरोप लगाया कि कुछ बाहरी लोगों ने एक टीचर के साथ मिलकर बीएसए से सरेआम मारपीट की है। इससे पहले बीएसए कार्यालय में लगे सीसीटीवी कैमरे का कनेक्शन काट दिया। उन्होंने कहा कि इस साजिश का खुलकर विरोध किया जाएगा। टीचरों ने बताया कि कुछ मीडिया के लोगों ने बीएसए को मारते हुए कैमरे में फोटो भी कैद की है। उन्होंने मामले की जांच कराए जाने की मांग की है। उधर, डीएम वीरेश्वर सिंह का कहना है कि विजिलेंस टीम का मामला है।