महोबा। जिलाधिकारी सहदेव ने सोमवार को सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी कार्यालय का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान पिता-पुत्र को भारी मात्रा में फाइलों और हजारों की नगदी के साथ पकड़ लिया गया। लोगों से मनमाना पैसा लेकर उनके कागजात तैयार कराने की दलाली किए जाने की पुष्टि होने पर डीएम ने कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराते हुए दोनों आरोपियों को पुलिस के सुपुर्द कर दिया। इस कार्रवाई से एआरटीओ कार्यालय में हड़कंप मच गया।
सोमवार की दोपहर जिलाधिकारी सहदेव अचानक एआरटीओ कार्यालय पहुंच गए। इस दौरान विवेक नगर कबरई के राजमंगल पांडेय उर्फ पंकज पांडेय को गाड़ी में 32 फाइलों एवं 87500 रुपये के साथ हिरासत में ले लिया गया। एआरटीओ महेंद्र सिंह व उनके कनिष्ठ सहायक की उपस्थिति में सभी फाइलों की जांच की गई, जिसमें पाया गया वह अनाधिकृत रूप से कार्य करते हैं। पंकज पांडेय द्वारा बताया गया कि उनके पिता देवकीनंदन पांडेय साहू मोटर्स, मां मनसा ग्रेनाइट तथा साहू इंटरनेशनल स्कूल अमें अधिकृत रूप से एकाउंटेंट का कार्य करते हैं। लेकिन जांच में अन्य जनपदों व विभिन्न कंपनियों के अभिलेख भी पाए गए। इस पर जिलाधिकारी ने पंकज पांडेय और देवकीनंदन पांडेय को दलाली व अन्य अनधिकृत कार्यों में संलिप्त मानते हुए विभिन्न धाराओं में मुकदमा पंजीकृत कराकर जेल भेजने की कार्रवाई की है।
कोतवाली प्रभारी विक्रमाजीत सिंह ने दोनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया। जिलाधिकारी ने अग्रिम कार्रवाई के लिए एआरटीओ व एसएचओ को निर्देश दिए। जिलाधिकारी द्वारा पहले भी इस तरह की कार्रवाई कर एक आरोपी को जेल भेजा जा चुका है। निरीक्षण के दौरान डीएम ने कहा है कि एआरटीओ कार्यालय में लगभग सारे कार्य ऑनलाइन कर दिए गए है। इसलिए कोई भी व्यक्ति किसी भी कार्य के लिए दलालों एवं बिचौलोयों के चक्कर में न पड़े। किसी भी कार्य के लिए नजदीकी जनसेवा केंद्र से सेवा प्राप्त कर सकते हैं। डीएम ने कहा कि जो भी इस कार्य में संलिप्त पाया जाएगा उसे किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
एआरटीओ कार्यालय में दलाली करते डीएम ने पिता-पुत्र को पकड़ा
- 32 फाइलें और 87500 रुपये बरामद, मचा हड़कंप
- कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराकर आरोपियों को पुलिस को सौंपा