महोबा। शहर के आल्हा चौक पर स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार व ट्रॉमा सेंटर के निर्माण की मांग को लेकर चल रहे सत्यमेव जयते संगठन के अनिश्चितकालीन अनशन के दौरान मंगलवार को अनशनस्थल पुलिस छावनी में तब्दील हो गया। सांसद व मंत्री को ज्ञापन देने जा रहे अनशनकारियों को प्रशासन ने रोक लिया। इसको लेकर एसडीएम व सीओ से युवा भिड़ गए। करीब आधा घंटे तक तीखी नोकझोंक हुई लेकिन प्रशासन ने ज्ञापन देने नहीं जाने दिया।
गौरतलब है कि शहर के आल्हा चौक में चार दिसंबर से बदहाल स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर अनिश्चितकालीन अनशन चल रहा है। मंगलवार को भाजपा की जन विश्वास यात्रा निकाली गई। इस दौरान कार्यकर्ता डॉक्टरों की कमी पूरी कराने, ट्रामा सेंटर का निर्माण कराने समेत चार सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सांसद, विधायक व मंत्री को देने की तैयारी कर रहे थे। इस दौरान सीओ रामप्रवेश राय व एसडीएम जितेंद्र सिंह भारी पुलिस फोर्स के साथ पहुंच गए और ज्ञापन ले लिया।
संगठन के जिलाध्यक्ष विकास कुमार ने आरोप लगाया कि पुलिस प्रशासन ने अनशन स्थल आकर कार्यकर्ताओं से ज्यादती की। अनशनस्थल पर लगे माइक के तार निकाल दिए और अनशनकारियों के नाम लिखकर भविष्य खराब करने की धमकी दी। चेतावनी दी कि वह प्रशासन के दवाब में आने वाले नहीं है और मांगें पूरी न होने तक उनका अनशन जारी रहेगा। अनशन में नवीन अनुरागी, रामसेवक, उमाशंकर, शिवम, अमन समेत तमाम कार्यकर्ता मौजूद रहे।