महोबा की चरखारी विधानसभा का उपचुनाव शनिवार को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ। फसल बर्बादी का दंश और तेज धूप के चलते मतदाताआें में मतदान के प्रति रुचि नहीं दिखाई दी। इसके चलते सिर्फ 49.84 फीसदी ही मतदान हो सका। सुबह आठ बजे से शाम पांच बजे तक हुए मतदान के दौरान अधिकांश मतदान केंद्राें पर सन्नाटा पसरा रहा। आधा दर्जन स्थानों पर चुनाव बहिष्कार के चलते दो से चार घंटे देरी से मतदान शुरू हुआ। वहीं लाड़पुर में पांच बजे गेट बंद करने के बाद मतदाताओं को अंदर घुसने से मना करने पर लोगों ने जमकर हंगामा किया। चरखारी विधानसभा उपचुनाव में भाजपा से अखिल राजपूत, सपा से उर्मिला राजपूत और कांग्रेस से रामजीवन यादव किस्मत आजमा रहे हैं।
चरखारी में सुबह आठ बजे से 379 पोलिंग बूथों पर मॉक पोल के बाद वोटिंग शुरू कराई गई। सुबह से ही मतदाताओं में चुनाव के प्रति रुझान न दिखने से एक-एक, दो-दो करके लोग पोलिंग बूथों पर आते रहे। अधिकांश केंद्रों में मतदानकर्मी सारा दिन मतदाताओं के आने का इंतजार करते रहे। किसी भी केंद्र पर मतदाताओं की लंबी लाइनें नहीं दिखाई दीं। उम्रदराज लोगों के अलावा विकलांगाें ने भी रुचि नहीं दिखाई। माडल बूथों पर उनकी सुविधा के लिए रखी गईं व्हील चेयर शोपीस बनी रहीं।
चुनाव निष्पक्ष और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के लिए चित्रकूटधाम मंडल की कमिश्नर कल्पना अवस्थी, डीआईजी ज्ञानेश्वर तिवारी, जिलाधिकारी वीरेश्वर सिंह, पुलिस अधीक्षक केके गहलोत ने विधानसभा क्षेत्र के बूथों पर जा-जाकर जायजा लिया। साथ ही इटौरा, बुढ़ी, टिकरिया, पनवाड़ी, ठठेवरा, रावतपुरा सहित आधा दर्जन गांवाें के मतदाताओं ने मतदान का बहिष्कार किया। जहां पर जिलाधिकारी वीरेश्वर सिंह, उप जिलाधिकारी मोहम्मद रिजवान, तहसीलदार रामजी के अलावा सपा प्रत्याशी उर्मिला राजपूत और भाजपा प्रत्याशी अखिल राजपूत ने भी मतदाताओं को समझा बुझाकर मतदान की अपील की। बाद में मतदाताओं ने किसी बूथ पर चार घंटे बाद तो किसी बूथ पर दो घंटे बाद मतदान शुरू किया।