महोबा। वर्ष 2007 में बसपा सरकार के समय कैबिनेट मंत्री रहे बादशाह सिंह, उनके भतीजे ब्लॉक प्रमुख कबरई अवनींद्र सिंह उर्फ राजू सिंह और दो अन्य लोगों के शस्त्र लाइसेंस डीएम ने निरस्त कर दिए हैं। इसमें बादशाह सिंह के दो व अवनींद्र सिंह के दो लाइसेंस शामिल हैं।
महोबा के कस्बा खरेला निवासी रामेंद्र सिंह उर्फ बादशाह सिंह बसपा सरकार में कैबिनेट मंत्री रह चुके हैं। वहीं उनके भतीजे खरेला निवासी अवनींद्र सिंह उर्फ राजू सिंह वर्तमान में कबरई ब्लॉक प्रमुख के पद पर हैं। जिला मजिस्ट्रेट गजल भारद्वाज ने मई के महीने में अपनी कोर्ट में चल रहे शस्त्र निरस्तीकरण संबंधी मुकदमे में दोनों पक्षों को सुनने के बाद पूर्व कैबिनेट मंत्री बादशाह सिंह का राइफल और रिवाल्वर का एक-एक लाइसेंस निरस्त कर दिया है। अवनींद्र सिंह की दोनाली बंदूक व रिवाल्वर का एक-एक लाइसेंस निरस्त किया है। वहीं शहर के आल्हा चौक निवासी लालजी सोनी की पिस्टल और थाना खन्ना के मवईखुर्द गांव निवासी ओमनारायण सिंह की दोनाली बंदूक का लाइसेंस भी निरस्त किया गया है। जिला मजिस्ट्रेट ने पुलिस को आदेशित किया है कि वह निरस्त लाइसेंस से संबंधित शस्त्र को थाने में जमा करा लें।
शस्त्र निरस्तीकरण के लिए पुलिस ने भेजी थी रिपोर्ट
शस्त्र लाइसेंस निरस्त करने के पीछे पुलिस की ओर से भेजी गई रिपोर्ट को आधार बनाया गया था। इसमें बादशाह सिंह व उनके भतीजे अवनींद्र सिंह के खिलाफ दर्ज आपराधिक मामलों को आधार बनाकर रिपोर्ट दी गई जबकि आल्हा चौक निवासी लालजी सोनी के खिलाफ बताया गया कि उनके बेटे ने उनकी पिस्टल से खुद को गोली मार ली थी। ऐसे में शस्त्र सुरक्षा से जुड़ी लापरवाही सामने आई थी। इसी तरह थाना खन्ना के मवईखुर्द निवासी ओमनारायण सिंह ने सात अक्तूबर 2019 में बन्नी गांव में उमेश सिंह की बेटी की शादी में अपनी दोनाली बंदूक से हर्ष फायरिंग की थी। इसमें छाया नाम की महिला को गोली लगी थी और वह घायल हो गई थी।