महोबा। बार कौंसिल आफ इंडिया एवं बार कौंसिल आफ उत्तर प्रदेश के आह्वान पर हायर एजुकेशन रिसर्च बिल 2011 के विरोध में जिले के अधिवक्ता बुधवार को हड़ताल पर रहे जिसके चलते न्यायिक कामकाज सारा दिन बंद रहा। अधिवक्ताआें ने केंद्रीय मानव संसाधन मंत्री कपिल सिब्बल के विरुद्ध जमकर नारेबाजी की। वकीलाें की हड़ताल के चलते मुकदमाें की पैरवी करने दूर दराज से आए वादकारियाें को बैरंग वापस लौटना पड़ा।
अधिवक्ताआें ने कचहरी में नारेबाजी कर केंद्रीय मानव संसाधन मंत्री के खिलाफ नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। इस मौके पर बार एसोसिएशन के अध्यक्ष रामप्रकाश शुक्ला ने कहा कि हायर एजुकेशन एंड रिसर्च बिल 2011 एवं अन्य ड्रापटेड बिल्स के माध्यम से केंद्र सरकार द्वारा बार कौंसिल आफ इंडिया और राज्य बार कौंसिल के अधिकाराें का हनन करने का प्रयास किया जा रहा है। इसका अधिवक्ता खुलकर विरोध करेंगे और केंद्र सरकार की मंशा को कामयाब नहीं होने देंगे। उन्हाेंने कहा कि हायर एजुकेशन एंड रिसर्च बिल के आने के बाद वकीलाें के अधिकाराें का हनन होगा।
बार एसोसिएशन महोबा के महामंत्री संतोष कुमार भार्गव ने कहा कि केंद्रीय मानव संसाधन मंत्री द्वारा की जा रही इस कारगुजारी के विरोध में अधिवक्ता हड़ताल पर चले गए। उन्हाेंने कहा कि अधिवक्ता खामोश नहीं बैठेेंगे। उन्हाेंने कहा कि बृहस्पतिवार को भी वकील न्यायिक कार्य से विरत रहेंगे। इस मौके पर शारदा प्रसाद मिश्रा, सूरज कांत द्विवेदी, चंद्रदत्त सुल्लेरे, शिवगोपाल सिंह, मोहम्मद शाहिद सिद्दीकी, मुकीतुर्रहमान, केशव शुक्ला, दुर्गा प्रसाद राजपूत, कृष्णगोपाल द्विवेदी, जितेंद्र द्विवेदी, संदीप मिश्रा, वेदप्रकाश मिश्रा, तेजप्रताप पचौरी मौजूद रहे।
चरखारी प्रतिनिधि के अनुसार बार कौंसिल के आह्वान पर चरखारी के अधिवक्ता भी न्यायिक कार्य से विरत रहे। बार एसोसिएशन के सदस्यों ने बिल की प्रतियां जलाकर विरोध प्रकट किया। चरखारी बार एसोसिएशन के अध्यक्ष गोविंद किशोर गोस्वामी ने बताया कि 12 जुलाई को भी अधिवक्ता हड़ताल पर रहेंगे। इस मौके पर भास्कर तिवारी, वीरेंद्र यादव, महेंद्र सिंह यादव, मुशीर अहमद सहित तमाम अधिवक्ताआें ने कचहरी पहुंचने के बाद भी कामकाज नहीं किया। कुलपहाड़ प्रतिनिधि के अनुसार बुधवार को कुलपहाड़ के भी अधिवक्ताआें ने केंद्र सरकार के विरुद्ध जमकर नारेबाजी की और हड़ताल पर रहे। जिससे न्यायिक कामकाज प्रभावित रहा। बार एसोसिएशन कुलपहाड़ के अध्यक्ष रामाधार यादव ने कहा कि केंद्र सरकार के मंसूबाें को अधिवक्ता कभी सफल नहीं होने देंगे।