महोबा। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश विजय शंकर उपाध्याय ने गांजे की तस्करी करने वाले एक युवक को 11 साल की सजा और एक लाख रुपये का जुर्माना ठाेंका। आरोपी को पुलिस हिरासत में जेल भेज दिया गया।
मध्य प्रदेश के कस्बा बारीगढ़ निवासी राम किशोर शिवहरे कस्बा कबरई के मोहल्ला विवेक नगर में किराए के मकान में रहकर गांजे का कारोबार करने लगा। 18 जुलाई 2006 को शाम छह बजे वह गांजे की बोरी सिर पर रखकर जैसे ही सड़क पर पहुंचा। वहां मौजूद पुलिस कर्मचारियाें को देखकर वह उल्टे पैर भागने लगा। पुलिस ने पीछा कर उसे दबोच लिया। तलाशी दौरान बोरी से दस किलो गांजा पुलिस ने बरामद किया।
पूछताछ में युवक ने घर पर गांजा होने की पुलिस को बात बताई। पुलिस ने अभियुक्त की निशानदेही पर घर से 20 किलो गांजा और बरामद किया। पुलिस ने अभियुक्त को मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया और न्यायालय में चार्जशीट दाखिल कर दी। शुक्रवार को विद्वान न्यायाधीश ने दोनाें पक्षाें की गवाह और बहस सुनने के बाद राम किशोर शिवहरे को गांजा का कारोबार करने का आरोपी ठहराते हुए 11 साल की सजा और एक लाख रुपये का जुर्माना ठाेंका। मुकदमे की पैरवी शासकीय अधिवक्ता प्रमोद पालीवाल ने की।