श्रीनगर (महोबा)। पिछले दो दिनों से हो रही झमाझम बारिश के चलते उर्मिल बांध में 1.5 मीटर पानी और बढ़ गया है, जिससे बांध का पानी अब हिलोरे मारने लगा है। बांध के चारों तरफ पानी ही पानी नजर आ रहा है। बांध का जलस्तर बढ़ने से यूपी और एमपी के दो दर्जन से ज्यादा गांव के किसानों को सिंचाई सुविधा का लाभ मिलेगा। इससे किसान खासा खुश नजर आ रहे हैं। दिन-प्रतिदिन बांध में बढ़ते जलस्तर को देखते हुए सिंचाई विभाग के अधिकारियों बांध में सतर्कता बढ़ा दी है।
पिछले साल सूखा पड़ जाने के कारण बांध में डेड लेवल तक पानी पहुंच जाने के कारण सिंचाई विभाग ने सिंचाई के नाम पर हाथ खड़े कर दिए थे, जिससे पिछले साल सैकड़ों एकड़ भूमि पर बुआई नहीं हो सकी थी। इस साल बांध भरने से किसानों को सिंचाई के लिए पानी मिलने की उम्मीद जाग गई है। अब बांध भरने में मात्र 1.5 मीटर पानी की ही कमी रह गई है। जिससे किसानों में काफी उत्साह है। हिलोरे मार रहे बांध को देखने के लिए प्रतिदिन लोग जाते हैं।
उर्मिल बांध में 236.50 मीटर पानी भरा जाता है जबकि अभी तक बांध में 234.40 मीटर पानी बांध में आ गया है। मध्य प्रदेश की घाटियों में हो रही बारिश के चलते उर्मिल बांध में तेजी से जलस्तर बढ़ रहा है। बांध में बढ़ते जलस्तर को देखते हुए ड्यूटी कर रहे अभियंताओं और कर्मचारियों को महकमे ने सतर्क कर दिया है। साथ ही बढ़ते जलस्तर की पल-पल की रिपोर्ट मांगी हैं। उर्मिल बांध क्षेत्र में 650 मिलीमीटर बारिश हुई हैै। जिससे इस साल किसानों को सिंचाई के लिए भरपूर पानी मिलेगा।
एमपी की घाटियों में हो रही बारिश से बांध का डेढ़ मीटर जलस्तर बढ़ा
-बांध में जलस्तर बढ़ने से किसानों को जागी सिंचाई की उम्मीद