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चार लेखपाल निलंबित, 21 को कारण बताओ नोटिस जारी

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चरखारी/कुलपहाड़। शासन द्वारा एस्मा लगाए जाने के बाद भी हड़ताल कर रहे लेखपालों पर प्रशासन ने कार्रवाई तेज कर दी है। चरखारी तहसील क्षेत्र के चार लेखपालों को एसडीएम ने तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है जबकि 21 लेखपालों को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया है। वहीं कुलपहाड़ तहसील के 69 लेखपालों को नोटिस जारी कर एसडीएम ने काम पर लौटने की चेतावनी दी है। नए लेखपालों पर बर्खास्तगी व पुराने लेखपालों पर निलंबन की कार्रवाई की जाएगी।
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जिले में आठ सूत्री मांगों को लेकर तीन जुलाई से लेखपाल अनिश्चितकालीन हड़ताल पर डटे हैं। शासन द्वारा एस्मा लगाए जाने के बाद भी लेखपाल काम पर नहीं लौटे, जिससे आवश्यक सेवाएं प्रभावित हो रही है। शुक्रवार को एसडीएम चरखारी जंगबहादुर ने लेखपाल संघ के तहसील अध्यक्ष देवकीनंदन अग्निहोत्री, मंत्री बलवीर सिंह, सूपा लेखपाल इंद्रपाल वर्मा व गौरहारी लेखपाल देशराज वर्मा को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है जबकि 21 लेखपालों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।
कुलपहाड़ प्रतिनिधि के अनुसार लेखपालों के हड़ताल पर चले जाने से आए जाति निवास, दैवीय आपदा व निर्वाचन जैसे महत्वपूर्ण काम प्रभावित हो रहे है। हड़ताल का सबसे ज्यादा असर छात्र छात्राओं पर पड़ रहा है। विद्यालयों में प्रवेश के लिए जरूरी आय जाति निवास नहीं बन पा रह है। लेखपालों की हड़ताल से 2887 जाति प्रमाण पत्र, 1203 आय व 1097 निवास प्रमाण पत्र पेडिंग पड़े हैं। काम चलाऊ व्यवस्था के तहत कानूनगो को आय जाति व निवास बनाने की जिम्मेदारी दी गई है। उपजिलाधिकारी कुलपहाड़ रामहर्ष मौर्य ने बताया कि राज्यपाल के आदेश के तहत उत्तर प्रदेश आवश्यक सेवा अनुरक्षण अधिनियम के तहत तहसील क्षेत्र के सभी 69 लेखपालों को नोटिस जारी कर दिए गए है। हड़ताल समाप्त न करने पर नए लेखपालों पर बर्खास्तगी व पुराने लेखपालों पर निलंबन की कार्रवाई की जाएगी। नोटिस तालीम कराने की जिम्मेदारी राजस्व निरीक्षकों को सौंपी गई है। उधर कुलपहाड़ तहसील क्षेत्र के 69 लेखपालों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया था। शुक्रवार की शाम एसडीएम रामहर्ष मौर्य ने लेखपाल यदुनंदन मिश्रा, धर्मेंद्र सिंह, मातादीन व वीरेंद्र कुमार सक्सेना को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। प्रशासन की कार्रवाई से अन्य लेखपालों में खलबली मची है।
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कार्रवाई का भय छोड़ हड़ताल पर डटे लेखपाल
महोबा। शासन द्वारा हड़ताल पर रोक लगाए जाने और प्रशासन द्वारा लगातार कार्रवाई किए जाने के बाद भी जिलेभर के लेखपाल कलक्ट्रेट में अनिश्चितकालीन हड़ताल पर डटे है। धरने पर बैठे लेखपाल संघ के अध्यक्ष प्रभुदत्त त्रिपाठी ने कहा कि वह प्रशासन की कार्रवाई से डरने वाले नहीं है। मांगेें पूरी न होने तक अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी रहेगी। प्रशासनिक कार्रवाई के दवाब में आकर लेखपाल आंदोलन से पीछे नहीं हटेंगे। कलक्ट्रेट में आधा सैकड़ा से अधिक लेखपालों ने एक स्वर में आर पार की लड़ाई का ऐलान किया।
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आठ लेखपाल निलंबित, 21 को कारण बताओ नोटिस जारी
-कुलपहाड़ तहसील के 69 लेखपालों को एसडीएम ने जारी किया नोटिस
-नए लेखपालों पर बर्खास्तगी व पुराने लेखपालों पर होगी निलंबन की कार्रवाई

अमर उजाला ब्यूरो
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