महोबा। ऐतिहासिक कजली मेले में अब वास्तविक दुकानदार को ही दुकानें आवंटित की जाएगी। दुकानदार का आधार कार्ड और व्यवसाय रजिस्टर में दर्ज करने के बाद दुकान दी जाएगी। इसके बाद यदि दूसरे लोगों को दुकान दी गई तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। मेले की एक नंबर से लेकर अंतिम दुकान का सामान रेट पर दुकानदारों को आवंटन किया जाएगा।
गौरतलब है कि उत्तर भारत का मशहूर कजली मेला 27 अगस्त से दो सितंबर तक आयोेजित किया जाता है। मेले में लाखों की भीड़ जुटने के कारण दुकानदार भी खूब मुनाफा कमाते है। इतना ही नहीं बिचौलिए फ्रंट में दुकाने लेकर बाहरी दुकानदारों को बढ़े हुए रेट में दुकानों का आवंटन कर देते है। जिससे बाहरी दुकानदारों को महंगे दामों पर दुकानें खरीदनी पड़ती थी।
इस साल महोबा संरक्षण एवं विकास समिति के अध्यक्ष जिलाधिकारी सहदेव ने दुकान आवंटन में कई साल से हो रहे गड़बड़झालों को देखते हुए समान नीति लागू कर दी है। अब पहले आओ पहले पाओ की तर्ज पर दुकानदारों को दुकानें दी जाएगी। दुकान आवंटन के समय दुकानदार का नाम, पता, आधार कार्ड लिया जाएगा। दुकानें शुरू होने के बाद उनका सत्यापन कराया जाएगा। सत्यापन दौरान मूल दुकानदार दुकान में नहीं पाया गया तो उसकी दुकान का आवंटन निरस्त कर दिया जाएगा। डीएम के इस निर्णय से दुकान आवंटन के नाम पर गड़बड़झाला करने वाले बिचौलियों में खलबली मच गई है। डीएम का कहना है कि इस समान नीति से बाहरी दुकानदारों को उचित रेट पर दुकानें मिल सकेंगी।
आधार कार्ड के आधार पर दुकानें होगी आवंटित
-सत्यापन में मूल दुकानदार के दुकान में न मिलने पर आवंटन होगा निरस्त
-डीएम की समान नीति से दुकान आवंटन में नहीं हो सकेगा गड़बड़झाला