भैरहवा। रूपनदेही के भैरहवा में बड़ी उम्मीदों के साथ बनाया गया गौतम बुद्ध अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा, अंतरराष्ट्रीय उड़ानों की कमी के कारण जिले में अरबों रुपये के निवेशक को नुकसान का सामना करना पड़ रहा है। जिले में निजी क्षेत्र के अनुसार एयरपोर्ट को लक्ष्य कर बनाए गए होटल व्यवसायी का करीब 40 अरब रुपये से अधिक का निवेश डूबने की स्थिति में पहुंच गया है। नए निवेशित होटलों का निर्माण रुक गया है।
भैरहवा में निजी क्षेत्र गौतम बुद्ध हवाई अड्डे से सिद्धार्थ इंडस्ट्री एंड कॉमर्स एसोसिएशन और व्यापारियों का संयुक्त संगठन सिद्धार्थ नेटवर्क सरकार से लगातार अंतरराष्ट्रीय उड़ान की मांग कर रहा है, लेकिन सरकार ने अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया है।
एसोसिएशन के अध्यक्ष ठाकुर कुमार श्रेष्ठ ने कहा कि हवाई अड्डे के पूर्ण संचालन की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा जा चुका है। जब से हवाई अड्डा परिचालन में आया है, हम उड़ानों की संख्या बढ़ाने और बुनियादी जरूरतों को पूरा करने के लिए तमाम ज्ञापन सौंपे, लेकिन अब तक कुछ भी सकारात्मक निर्णय नहीं हुआ है।
रूपनदेही और उसके आसपास खोले गए होटलों में व्यवसायियों द्वारा करीब 40 अरब रुपये से ज्यादा का निवेश किया गया है। उड़ान न होने से निर्माणाधीन आधा दर्जन सितारा होटलों का काम रोक दिया गया है। नेपाल होटल व्यवसायी संघ रूपनदेही के अध्यक्ष प्रवीण बहादुर पाठक ने कहा कि बुद्ध की जन्मस्थली लुंबिनी में गौतम बुद्ध के नाम पर एक अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा खोला गया है, लेकिन संचालित नहीं किया जा सका है।