कैदियों की सेहत और जल जनित बीमारियों से बचाव के लिए जिला जेल में इसी माह आरओ प्लांट लग जाएगा। उत्तर प्रदेश की लगभग सभी जेलों में इस तरह की व्यवस्था हो रही है। प्लांट लगाने में पांच लाख रुपये खर्च होंगे।
बढ़ते पर्यावरण प्रदूषण और प्रदूषित पानी से तमाम तरह की बीमारियां हो रही हैं। डाक्टर भी सलाह देते हैं कि शुद्ध पानी से सेहत सही रहता है। इसी को देखते हुए जेल प्रशासन ने एक नई पहल की है। जिला जेल में क्षमता से अधिक 793 कैदी हैं। जिसमें 231 सजायाफ्ता हैं और 560 विचाराधीन। जेल प्रशासन की ओर से समय समय पर विशेषज्ञ डाक्टरों से जेल परिसर में शिविर भी लगाया जाता है। जिसमें कैदियों को दवाइयां भी उपलब्ध कराई जाती हैं। मानवीय सुविधाओं के बढ़ से लोगों की जेल को लेकर धारणा भी बदल जाएगी।
कैदियों को चेचक से बचाव की दवा बाटी गई जिला कारागार में डॉ. हेमंत श्रीवास्तव ने चेचक से बचाव के लिए बंदियों एवं कर्मचारियों को दवाएं दीं। जेल अधीक्षक एके राय, जेलर आरके सिंह, डॉ. राजेश द्विवेदी, उप जेलर जेएन द्विवेदी, अजय कुमार, सिद्धार्थ सिंह आदि उपस्थित रहे।