एंबुलेंस चालकों को दिया गया प्रशिक्षण
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महराजगंज। सीएमओ कार्यालय सभागार में बृहस्पतिवार को जिले के एंबुलेंस चालकों और इमरजेंसी मेडिकल टेक्निशियन (ईएमटी) को जेई/एईएस के मरीजों को अस्पताल तक बेहतर ढंग से पहुंचाने के तौर तरीकों की जानकारी देने के लिए दो दिवसीय प्रशिक्षण शुरू हुआ।
एसीएमओ डॉक्टर आईए अंसारी ने प्रशिक्षण में शामिल लोगों से कहा कि जेई/एईएस के मरीजों के बारे में सूचना मिलते ही तुरंत एंबुलेंस सेवा दी जाए। उन्होंने बताया कि बुखार या एईएस से प्रभावित मरीजों को अस्पताल ले जाते समय ज्यादा गड्ढायुक्त सड़कों से न ले जाएं, क्योंकि गड्ढायुक्त सड़कों के कारण ऐसे में मरीज को परेशानी होगी। पार्थ संस्था की ओर से लखनऊ से आईं ट्रेनर डॉक्टर शालिनी खरे ने जेई/एईएस के मरीजों की पहचान व प्राथमिक उपचार के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि बार-बार तेज बुखार, बुखार के साथ झटका आना आदि जेई/एईएस के लक्षण हो सकते हैं। ऐसे मरीजों को तत्काल एंबुलेंस सेवा उपलब्ध कराकर अस्पताल पहुंचाने की कोशिश की जानी चाहिए। उन्होंने मरीजों को दी जाने वाली प्राथमिक चिकित्सा के बारे में विस्तार से बताया। सदर सीएचसी अधीक्षक डॉक्टर राकेश श्रीवास्तव ने कहा कि जेई/एईएस वेक्टर जनित रोग है। ऐसे में मरीजों को साफ -सुथरे जगह पर रखना चाहिए।