बौद्ध कालीन संपदा ही नहीं अन्य स्थानों पर भी पर्यटन का होगा विस्तार
6.86 करोड़ राज्य पर्यटन, 25 करोड़ के लगभग जिले से गया प्रस्ताव मंजूर
महराजगंज। जनपद का पर्यटन अब बौद्धकालीन संपदाओं व सोहगीबरवां वन्य जीव प्रभाग के दायरे से आगे बढ़ रहा है। नए वित्तीय सत्र के लिए जनपद से भेजे गया लगभग 25 करोड़ के पर्यटन विकास प्रस्ताव को स्वीकृति मिल गई है। दो माह पहले 6.86 करोड़ की पर्यटन विकास परियोजना राज्य स्तर से मंजूर हो चुकी हैं। ऐसे में मौजूदा सत्र में 31.86 करोड़ से जनपद पर्यटन क्षेत्र में विकास कार्य होंगे।
जनपद बुद्ध के ननिहाल के रूप में पहचान रखता है। साथ ही यह भी माना जाता कि चौक क्षेत्र स्थित रामग्राम में बुद्ध के अस्थियों का कुछ भाग संरक्षित है। हालांकि पुरातत्व विभाग ने इसकी पुष्टि नहीं की है। लेकिन पर्यटन विभाग बीते वित्तीय सत्र में रामग्राम में स्तूप, विपश्यना केंद्र, पर्यटकों के रुकने के लिए ईको सेंसटिव कॉटेज व रामचंद्रही में ईको टूरिज्म लगभग 6 करोड़ की लागत से विकसित करा रहा है। सहायक पर्यटन अधिकारी प्रभाकर मणि के मुताबिक उक्त कार्य लगभग 50 प्रतिशत तक पूरे हो चुके हैं और शेष कार्य भी तेजी से पूरे किए जा रहे हैं।
पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह ने राज्य योजना के तहत कुल 9 परियोजनाओं की सौगात दी। इसमें सिसवां में मनिपरगढ़ मंदिर, जगन्नाथ मंदिर, सोनौली चंचाई देवी मंदिर, मुख्यालय रामजानकी मंदिर, फरेंदा कस्बा दुर्गा मंदिर,इसी ब्लाक के सेमरहना शिव मंदिर, सिसवां के रुद्रा देवी मंदिर में पर्यटन विकास कार्यों के लिए 6.86 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई है।
मई के आखिरी सप्ताह में 11 प्रस्ताव मंजूर
फरवरी 2026 में जिले से 11 परियोजनाओं के पर्यटन विकास का प्रस्ताव शासन को डीएम संतोष कुमार शर्मा के माध्यम से जिला पर्यटन विभाग ने भेजा था। मई 2026 के आखिरी सप्ताह में शासन से इसपर मुहर लगी है। इसमें सर्वाधिक 9 करोड़ रुपये लेहड़ा देवी मंदिर में पर्यटक सुविधा विस्तार के लिए स्वीकृत किए गए हैं। जिला पर्यटन सहायक अधिकारी प्रभाकर मणि के मुताबिक यहां साउंड एंड लेजर शो शुरू की जाएगी। इसके जरिए संपूर्ण जनपद की गौरवगाथा से पर्यटकों को परिचित कराया जाएगा। इसके अलावा परिसर में इंटरलॉकिंग, पार्किंग स्थल, पर्यटकों के रुकने के प्रबंध विकसित किए जाएंगे।
साथ ही चौक नगर पंचायत स्थित गुरु गोरक्षनाथ मंदिर क्षेत्र में पर्यटन विकास पर तीन करोड़ रुपये और इंटहिया व नौतनवां के वाइब्रेंट विलेज चंडीथान स्थित प्राचीन काली मंदिर क्षेत्र में पर्यटक सुविधा विस्तार के 1.50-1.50 करोड़ रुपये की परियोजना को स्वीकृति मिली है। इसके अलावा महुअवां श्रीराम मंदिर, घुघली के परसिया मंदिर, मिठौरा के दरहटा स्थित शिव मंदिर, पनियरा के लखिमा स्थित मंदिर, पनियरा के धनखरी स्थित श्रीराम जानकी मंदिर, पनियरा के ही गिरगिटिया में श्रीराम जानकी मंदिर एवं नौतनवां नगर पालिका वार्ड नंबर चार के प्राचीन काली मंदिर परिक्षेत्र में पर्यटन सुविधाओं के विस्तार की परियोजना स्वीकृत हुई है। प्रत्येक के लिए 1.25-1.25 करोड़ रुपये की परियोजना प्रस्ताव को हरी झंडी मिली है।
वर्जन
जनपद में पर्यटन आय सृजन का बड़ा माध्यम बनेगा। स्वीकृत परियोजनाओं से धार्मिक महत्व के क्षेत्र भी आय सृजन का माध्यम बनेंगे। नेपाल बाॅर्डर से सटे गांव वाइब्रेंट विलेज के रूप में विकसित कराए जा रहे हैं। स्वीकृत सभी परियोजनाओं के पूर्ण होने पर पर्यटकों को जहां बेहतर सुविधा सहूलियत मिलेगी वहीं जनपद वासियों को आय प्राप्ति का माध्यम मिलेगा।
- गौरव सिंह सोगरवाल, जिलाधिकारी, महराजगंज
जनपद के पर्यटन विकास के लिए अहम होगा अब यहां आने वालों में सिर्फ बौद्ध अनुयायी ही नहीं प्रकृति प्रेमी व धार्मिकता का भाव रखने वाले पर्यटक भी शामिल रहेंगे।