महराजगंज। शनिवार को मौसम का मिजाज पल-पल बदलता रहा। सुबह सात बजे तक मौसम साफ रहा। इसके बाद हर एक से दो घंटे के अंतराल पर मौसम अलग-अलग रूप दिखाकर डराने लगा। कभी तेज बर्फीली हवा तो कभी घना कोहरा का प्रभाव दिखने लगा।
दोपहर बाद लगभग दो बजे तक इसी तरह मौसम का मिजाज रहा। इसके बाद कुछ देर धूप भी खिली, लेकिन इसका कोई असर नहीं हुआ और न्यूनतम तापमान आठ डिग्री पर ही दूसरे दिन भी ठिठका रह गया।
शनिवार को सुबह 9 बजे के बाद हवा की रफ्तार 14 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से भी तेज हो गया और दो घंटे के अंतराल पर कोहरा छाने और छंटने का क्रम चलता रहा। दोपहर दो बजे रफ्तार कुछ कम हुई तो लगभग एक घंटे तक धूप खिली रही, लेकिन तीन बजे के बाद से धूप नदारद हुई तो कोहरे के साथ आठ किमी की रफ्तार से हवा चलने से ठिठुरन हावी होती गई।
छह बजे के बाद कोहरा छाने से दृश्यता का ग्राफ गिरने का सिलसिला शुरू हो गया। अधिकतम तापमान 22 व न्यूनतम 8 डिग्री रिकॉर्ड हुआ। जवाहर लाल नेहरू पीजी काॅलेज के भूगोल विभागाध्यक्ष डॉ. दिवाकर सिंह ने बताया कि ठंड बढ़ने और हवा तेज होने से तापमान में गिरावट की संभावना है।