महराजगंज। राज्य पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग की टीम ने क्षेत्रीय पुरातत्व अधिकारी कृष्ण मोहन दुबे के नेतृत्व में बृहस्पतिवार देर शाम बृजमनगंज क्षेत्र के प्राचीन ऐतिहासिक स्थलों व टीले का जायजा लिया। टीम ने स्थानीय लोगों से चर्चा की। पुरातत्व अवशेषों की बारीकियों से जांच की।
क्षेत्रीय पुरातत्व अधिकारी ने बताया कि क्षेत्र के सभी ऐतिहासिक व धार्मिक महत्व के स्थलों का स्थानीय निरीक्षण करने का निर्देश शासन स्तर से जारी किया गया है। बृजमनगंज ब्लाॅक के सहजनवां बाबू में एक प्राचीन स्तूप की पहचान की गई है जो देखने से कुषाणकालीन लग रहा है।
देवदह रामग्राम बौद्ध विकास समिति के अध्यक्ष जितेंद राव ने भारत सरकार व उत्तर प्रदेश सरकार को पत्र लिखकर महराजगंज जनपद के प्राचीन ऐतिहासिक धरोहरों को संरक्षित करने की मांग की थी। इसे लेकर शासन स्तर से पहल शुरू हुई है। पुरातत्व अधिकारी की टीम सबसे पहले बृजमनगंज ब्लाॅक के सहजनवा बाबू पहुंची। वहां पर एक प्राचीन स्तूप की पहचान की। वहां बिखरे अवशेषों से पता चलता है कि यह स्तूप कुषाण काल का है। इसके बाद इसी के कुछ ही दूरी पर स्थित खड़खोड़ा में शिवमंदिर स्थल का भी टीम ने जायजा लिया।