महराजगंज (ब्यूूरो)। गांवों की विकास में समितियों का महत्वपूर्ण स्थान है। इन समितियों में एक अनुसूचित जाति का सदस्य, एक पिछड़ी जाति और एक महिला सदस्य होना अनिवार्य है।
निर्वाचित ग्राम प्रधान और पंचायत सदस्यों के शपथ के बाद अब 26 दिसंबर को ग्राम सभा की पहली बैठक होगी। ग्राम प्रधान और सदस्य भी पहली बैठक के लिए पूरी तैयारी में हैं। ब्लॉक पर आए कुछ ग्राम प्रधानों ने योजना पेश करने की बात कही गई। ग्राम प्रधानों को बताया गया कि पंचायत सदस्य के साथ पहली बैठक के लिए ग्राम प्रधान स्तर से सदस्यों को लिखित नोटिस जारी कराना होगा।
प्रत्येक माह 26 दिसंबर को सभी ग्राम सभा में बैठक होनी चाहिए। गांवों के विकास के लिए छह समितियों का गठन होगा। समितियाें में एक अनुसूचित सदस्य, एक महिला सदस्य, व एक पिछड़ी सदस्य का होना अनिवार्य है। पहली समिति नियोजन विकास समिति होगी। जिसके अध्यक्ष ग्राम प्रधान होंगे जो गांव के विकास के लिए योजना तैयार करेेगी।
दूसरी समिति शिक्षा समिति होगी जिसमें सदस्यों के साथ गांव के परिषदीय विद्यालयों के अध्यापक सह संयोजक के अतिरिक्त तीन विद्यार्थियों के अभिभावक भी नामित होंगे। तृतीय समिति निर्माण समिति होगी जो निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर नियंत्रण रखेगी।
चौथी समिति स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण समिति होगी जो गांव के ग्रामीणों के स्वास्थ्य का देखभाल रखेगी। पांचवीं समिति प्रशासनिक समिति होगी जिसके अध्यक्ष ग्राम प्रधान होंगे जो गांव में हो रहे गांव के विकास का प्रशासनिक नजर रखेंगे। छठवीं समिति जल प्रबंधन समिति होगी जिसका अध्यक्ष कोई सदस्य होगा। जो गांव में स्वच्छ जल और राजकीय नलकूपों एवं तालाबों की व्यवस्था संभालेगी।