गंडक और रोहिन नदी भी स्थिर, दुश्वारियां बरकरार
सोहगीबरवां के आठ ग्राम पंचायतों में नहीं बहाल हो सका है आवागमन
महराजगंज। चंदन व प्यास के बाद अब रोहिन व गंडक भी सामान्य होने की तरफ बढ़ चली है। स्थिति सामान्य होता देख सिंचाई विभाग ने राहत की सांस ली है। हालांकि निचलौल से अभी सोहगीबरवां के आठ ग्राम पंचायतों में आवागमन नहीं बहाल हो सका है। इसके कारण यहां की 20 हजार की आबादी अभी दुश्वारी झेल रहे हैं।
जानकारी के अनुसार, बारिश रुकने के बाद सोहगीबरवा, शिकारपुर, भोथहा और आसपास के गांवों में ग्रामीणों की मुश्किलें यथावत हैं। जलभराव और बदहाल रास्तों के कारण लोगों को आवागमन में परेशानी हो रही है। वहीं, स्वास्थ्य, पेयजल और बिजली जैसी मूलभूत सुविधाओं की कमी बताई जा रही है।
ग्रामीणों का कहना है कि बारिश के दिनों में समस्याएं और गंभीर हो जाती हैं, लेकिन अब तक इनके स्थायी समाधान की पहल नहीं हुई है। सोहगीबरवा निवासी ओमप्रकाश ने बताया कि जलभराव की समस्या गंभीर है। इससे ग्रामीणों को आने-जाने में काफी परेशानी हो रही है।
बाजार टोला निवासी सुभाष यादव ने बताया कि क्षेत्र में पर्याप्त स्वास्थ्य सुविधाएं नहीं होने के कारण मरीजों को उपचार के लिए समस्या हो रही है। शिकारपुर निवासी जितेंद्र ने बताया कि बिजली आपूर्ति और पेयजल की समस्या भी है। हर साल बारिश के मौसम में इन समस्याओं के कारण ग्रामीणों की परेशानी बढ़ जाती है।
गौरतलब है कि सोहगीबरवा के निचलौल इलाके में बृहस्पतिवार को नदियों का जलस्तर बढ़ने से सात गांवों का संपर्क मुख्यालय से कट गया था। शुक्रवार को एक और गांव का आवागमन बाढ़ के पानी के कारण बाधित हो गया था।
नदी बैराज - खतरे का निशान- मौजूदा लेवल-
- राप्ती, रिगौली- 80.30-76.92
- रोहिन रतनपुर- 99.35- 99.05
- चंदन-101.05- 99.10
- प्यास-102.25-100.. 60
- महाव- पांच फीट- पांच फीट
- गंडक, बाल्मीकिनगर- 362.01- 351.90
डिस्चार्ज- 311600 क्यूसेक