महराजगंज। नेपाल में आई त्रासदी के बाद नारायणी-गंडक नदी से बरामद चार लावारिस शवों का रविवार को 72 घंटे बाद पोस्टमार्टम कराया गया। मृतकों में तीन महिलाएं और एक पुरुष शामिल हैं।
पोस्टमार्टम के दौरान पहचान सुनिश्चित करने के लिए चारों शवों से डीएनए सैंपल भी लिए गए। सभी आवश्यक प्रक्रियाएं पूरी होने के बाद शवों को नेपाल प्रशासन को सौंपने के लिए रवाना कर दिया गया। चारों शव 27 अगस्त को निचलौल थाना क्षेत्र में नारायणी-गंडक नदी से बरामद हुए थे।
शवों की पहचान नहीं हो पाने के कारण उन्हें जिला अस्पताल स्थित पोस्टमार्टम हाउस में सुरक्षित रखा गया था। रविवार को चिकित्सकों की देखरेख में पोस्टमार्टम की कार्रवाई पूरी की गई। इसके बाद डीएनए सैंपलिंग कराई गई ताकि भविष्य में मृतकों की पहचान में मदद मिल सके।
निचलौल तहसीलदार अमित सिंह के नेतृत्व में दो एंबुलेंस से चारों शवों को जिला अस्पताल के पोस्टमार्टम हाउस से नेपाल के लिए रवाना किया गया। देर रात ठूठीबारी के महेशपुर बॉर्डर पर नेपाल के नवलपरासी प्रशासन को शव सौंपने की तैयारी की गई।
तहसीलदार अमित सिंह ने बताया कि शासन के निर्देश पर चारों शव नवलपरासी प्रशासन को सौंपे जाएंगे। शवों से लिए गए डीएनए सैंपल का डाटा भी नियमानुसार नेपाल प्रशासन को उपलब्ध कराया जाएगा। इससे नेपाल में लापता लोगों के परिजनों के डीएनए से मिलान कर मृतकों की पहचान करने में सहायता मिल सकेगी।