महराजगंज। जनपद में बेसिक शिक्षा विभाग को खेल अनुदेशक की संविदा पर भर्ती के लिए अनुमति मिल सकती है। निदेशालय की मांगी गई सूचना के तहत बेसिक शिक्षा विभाग ने प्रत्येक स्कूल में खेल अनुदेशकों की कमी का हवाला देते हुए विद्यार्थियों की संख्या व मार्गदर्शन की कमी के बावत जानकारी दी है। विभाग ने कहा है कि अगर हर स्कूल में खेल अनुदेशक तैनात हो जाएं तो बच्चे खेलकूद के क्षेत्र में काफी बेहतर कर सकते हैं।
पिछले दिनों समीक्षा बैठक के बाद मुख्यमंत्री ने सभी विभागों को निर्देशित किया था कि रिक्तियों की सूची विभागवार उपलब्ध कराई जाए। इसी क्रम में बेसिक शिक्षा परिषद की ओर से मांगी गई सूचना के तहत बीएसए ने पहला पत्र मंगलवार को प्रेषित किया है। पत्र में कहा गया है कि सरकार ने पहले से नियम तय कर रखा है कि जहां 100 से अधिक विद्यार्थी नामांकित हों वहां खेल अनुदेशक जरूर तैनात रहें।
सभी स्कूलों को 5 से 10 हजार रुपये वार्षिक खेल सामग्री खरीद के लिए भी दिए जा रहे हैं। 13 पीएम श्री स्कूलों को 50-50 हजार खेल संसाधन खरीदने के लिए दिए गये। 10 कस्तूरबा स्कूलों में डीएम क्रिटिकल फंड से जिलाधिकारी ने 40 लाख रुपये देकर ओपेन जिम की व्यवस्था करा रखी है। इतनी सुविधाओं के बाद भी जिले के 1705 स्कूलों में सिर्फ 25 खेल अनुदेशक ही तैनात हैं।
विभाग ने बताया है कि आठ वर्ष पूर्व हुई भर्ती में 8400 रुपये मानदेय पर यह अनुदेशक कार्य कर रहे हैं, लेकिन अन्य स्कूलों में विद्यार्थी संख्या होने के बाद भी इनकी जगह खाली है। ऐसे में विद्यार्थियों के खेलकूद की प्रतिभा पूरी तरह नहीं विकसित हो पा रही। सरकार का निर्देश है कि खेल कूद के क्षेत्र में बच्चों को आगे बढ़ाएं, लेकिन अनुदेशकों की कमी आड़े आ रही है। विभाग ने खेल अनुदेशकों की भर्ती के लिए निदेशालय से अनुमति मांगी है।
बेसिक शिक्षा अधिकारी श्रवण गुप्ता ने कहा कि खेल अनुदेशकों की कमी के बारे में विभाग को अवगत कराकर भर्ती के लिए अनुमति व सुझाव मांगा गया है।