सीएचसी की ओपीडी में प्रतिदिन 100 से 120 मरीजों का होता है इलाज, कुल पांच डॉक्टर तैनात
महराजगंज। ठंड का मौसम शुरू होते ही हड्डी व जोड़ों के दर्द से पीड़ित मरीजों की संख्या बढ़ने लगी है। सदर सीएचसी में हड्डी रोग विशेषज्ञ नहीं होने से लोगों को तमाम दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। मरीजों को प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर स्थिति में जिला अस्पताल भेजना पड़ रहा है। प्रतिदिन 100 से 120 की संख्या में ओपीडी आने वाले मरीजों में 20 से अधिक हड्डी रोग से परेशान होते हैं।
जानकारी के अनुसार, सदर सीएचसी में अधीक्षक के अलावा कुल पांच डॉक्टर तैनात हैं। इनमें एक स्त्री रोग विशेषज्ञ, एक दंत चिकित्सक और एक आयुष चिकित्सक शामिल हैं। इसके अलावा एक फार्मासिस्ट, दो लैब टेक्नीशियन, एक स्वीपर, दो सरकारी स्टाफ नर्स और तीन संविदा स्टाफ नर्स तैनात हैं। सीएचसी में ओपीडी के साथ 24 घंटे डिलीवरी सुविधा भी उपलब्ध है। सभी सामान्य जांचों की सुविधा भी यहां संचालित है, लेकिन ऑर्थोपेडिक विशेषज्ञ की कमी मरीजों के लिए बड़ी चुनौती बनी हुई है। ठंड बढ़ने के साथ ही घुटनों, हाथों तथा पीठ दर्द की शिकायत करने वाले मरीजों की संख्या में तेजी से वृद्धि हो रही है।
सुनीता ने बताया कि ठंड में घुटनों में दर्द बढ़ जाता है। चार दिन पहले सीएचसी गई थी। डॉक्टरों ने दवा दी लेकिन कोई खास आराम नहीं मिला। बुदधू ने बताया कि उनके दाहिने हाथ में लगातार दर्द रहता है। “सीएचसी में दिखाया, दवा मिली लेकिन लाभ न होने पर प्राइवेट अस्पताल का सहारा लेना पड़ा। भानमती ने भी अपनी पीड़ा बताई। उनके हाथ में अकड़न की शिकायत है। उन्होंने बताया कि सीएचसी में डॉक्टर ने दवा तो दी लेकिन साथ ही यह भी सलाह दी कि अगर आराम नहीं मिलेगा तो जिला अस्पताल में हड्डी रोग विशेषज्ञ को दिखाना पड़ेगा।
वर्जन
सीएचसी में मरीजों को बेहतर इलाज देने का प्रयास किया जा रहा है। हड्डी से संबंधित समस्याओं वाले मरीजों की प्राथमिक जांच और उपचार उपलब्ध डॉक्टरों की ओर से किया जाता है। यदि किसी मरीज की स्थिति ज्यादा गंभीर लगती है, तो तत्काल उसे जिला अस्पताल भेजा जाता है।
डॉ. केपी सिंह, सीएचसी अधीक्षक