अखिल भारत वर्षीय गोंड महासभा के जिलाध्यक्ष ने डीएम को ज्ञापन दिया। धुरिया गोंड जनजाति समूह के साथ तहसीलों के अधिकारियों और कर्मचारियों द्वारा अन्याय करने के संबंध में जांच कराकर कार्रवाई करने की मांग की।
जिलाध्यक्ष राजमंगल गोंड ने बताया कि उक्त के संबंध में 22 जून को प्रार्थना पत्र दिया गया। लेकिन तहसीलों के अधिकारियों व कर्मचारियों पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने बताया कि उत्तर प्रदेश शासन के तरफ से समय-समय पर जारी शासनादेशों का तथा उच्च न्यायालय इलाहाबाद के आदेश के क्रम में जातिय समूह के सत्यापन के लिए शासन द्वारा जिले स्तर पर जिला स्क्रूटनी कमेटी का गठन किया गया है। धुरिया गोंड जनजाति समूह के द्वारा जिला स्क्रूटनी कमेटी में अपील किया गया है के उपरांत कमेटी के द्वारा धुरिया गोंड जनजाति का सत्यापन करते हुए जाति प्रमाण पत्र जारी किया जाए।
उन्होंने बताया कि वर्तमान समय में तहसील प्रशासन के तरफ से उक्त आदेशों का पालन नहीं किया जा रहा है। इसकी जांच कराकर उचित कार्रवाई की मांग की है। इस दौरान कृष्ण प्रताप , शिवम, शंकर धुरिया, सियाराम गोंड, रामप्रीत धुरिया, कैलाश धुरिया, अच्छेलाल गोंड, शैलेश गोंड, दिनेश गोंड के अलावा तमाम लोग उपस्थित रहे।