महराजगंज। सोमवार को सभी 278 माध्यमिक स्कूलों में प्रोजेक्टर व स्मार्ट टीवी की मदद से विद्यार्थियों को परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम दिखाया गया। कार्यक्रम को यूपी बोर्ड की परीक्षा देने वाले हाईस्कूल व इंटर के विद्यार्थियों ने उत्साह से देखा।
कार्यक्रम की समाप्ति के बाद विद्यार्थियों से यह जानने का प्रयास किया गया कि कार्यक्रम देखकर बच्चों ने क्या देखा और क्या सीखा। राजकीय माध्यमिक सिंहपुर और राजकीय बालिका इंटर काॅलेज धनेवा, राजकीय कन्या इंटर काॅलेज आनंदनगर की छात्राओं ने कार्यक्रम के बाद बताया कि परीक्षा का डर कार्यक्रम देखकर पूरी तरह समाप्त हो गया है। प्रधानमंत्री ने कहा कि परीक्षा में पास या फेल ही लोग होते हैं।
फेल होने से जिंदगी रुक नहीं जाती है। हमें तय करना होगा कि जीवन में सफल होना है कि किताबों में। जीवन में सफल होने का एक उपाय होता है कि आप अपने जीवन की जितनी विफलताएं हैं, उसे अपना शिक्षक बना लें। अपनी विफलताओं से सीखने की बात काफी प्रभावशाली लगी।
इसने परीक्षा के डर से लड़ना सिखा दिया है अब बोर्ड परीक्षा की टेंशन नहीं रही। हाईस्कूल की नेहा वर्मा ने कहा कि परीक्षा में खानपान भी बेहतर रखने के बारे में जानकर ज्ञान बढ़ा। स्मरण शक्ति तभी मजबूत रहेगी जब हम गुणवत्ता वाले भोजन को ग्रहण करने के प्रति असावधानी न बरतें।
इंटर के आर्यन वर्मा ने कहा परीक्षा की तैयारी में मानसिक स्वास्थ्य के महत्व पर जानकारी मिली। इससे तनावमुक्त रहकर अपनी क्षमताओं का बेहतर उपयोग करने की प्रेरणा प्रसारण देखने से मिली। कविता ने बताया कि प्रधानमंत्री ने बड़ी आत्मियता से सबकुछ बताकर आत्मबल और मजबूत किया। परीक्षा कोई आपदा नहीं बल्कि हमारी क्षमता का सिर्फ आकलन है और क्षमता घटाई और बढ़ाई जा सकती है।
कुलदीप पासवान ने कहा कि जो इंटरमीडिएट की परीक्षा में शामिल हो रहे हैं उन्होंने कहा प्रधानमंत्री के इस कार्यक्रम ने लाखों बच्चों को अवसाद से निकालने का कार्य किया। कार्यक्रम देखने वाले विद्यार्थियों को बड़ी हिम्मत मिली है और वह परीक्षा में डटकर प्रश्नों का जवाब देंगे।
डीआईओएस प्रदीप शर्मा ने बताया कि आज सभी स्कूलों में कार्यक्रम दिखाया गया। कार्यक्रम देखकर परीक्षार्थियों की उर्जा बढ़ी है और वह परीक्षा को सामान्य तरीके से लेकर बेहतर अंक अर्जित करेंगे।