नहरों में पानी न होने से किसानों के जेब पर बढ़ रहा बोझ
संवाद न्यूज एजेंसी
महराजगंज। खेतों में धान की रोपाई का समय चल रहा है, लेकिन सदर तहसील क्षेत्र की कई नहरों में में पानी नहीं आया है। कुछ नहरों की ठीक से सफाई नहीं हो पाई है। इससे इनमें टेल तक पानी नहीं पहुंच पाता है। ऐसी नहरों में पानी आने के बावजूद कई जगहों के किसान खेतों की सिंचाई नहीं कर पाते हैं। किसानाें को फसलों की सिंचाई महंगे डीजल फूंककर करनी पड़ रही है।
सदर तहसील क्षेत्र के बागापार, बरवाराजा, कटहरा, बेलवाकजी गांव के पास से निकली नहर में पानी नहीं है। किसानों का आरोप है कि नहर की सफाई के नाम पर कोरम पूर्ति की गई है। किसानों का कहना है कि सदर क्षेत्र के बागापार, रेहांव, बसंतपुर राजा, नदुआ, सिसवनिया, सोनरा, रामपुर बुजुर्ग, लखिमा थरुआ, कटहरा, सरडीहा, बड़हरा रानी, जंगल फरजंद अली, बेलवाकाजी, सलामतगढ़, परासखांड, शेखपुरवा, बड़हराराजा, केवलापुर खुर्द, विजयपुर, बरगदवा राजा आदि गांवों में कई हजार एकड़ खेतों की सिंचाई नहरों से होती है।
किसानों का कहना है कि जून का महीना खत्म होने को है, लेकिन नहरों में पानी नहीं आया। जिन नहरों में पानी है, वहां टेल तक नहीं पहुंच पा रहा है। किसान महंगे वैकल्पिक साधनों से फसलों की सिंचाई करने को मजबूर हैं। किसान विभूति चौहान, राजमन, केशव, शंकर, निजामुद्दीन, रामजी यादव, काशी, जंगीलाल, रामचंद्र, हरिखमन, हरीलाल, आसमन, बहादुर, सदरुद्दीन, ग्यासुद्दीन, मनोहर आदि का कहना है कि क्षेत्र के अधिकतर किसान नहरों के सहारे रहते हैं।
बारिश न होने से महंगे डीजल फूंककर धान की रोपाई करना मजबूरी हो गई है। सिंचाई विभाग के इस रवैये से किसान दुखी हैं। उनका कहना है कि यदि विभाग का यही रवैया रहा तो एक दिन नहर को पाटकर खेत बना लेंगे।