महराजगंज। सरकार के कथित सौतेले व्यवहार से नाराज राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के लोगों ने शुक्रवार को बाइक जुलूस निकाल कर विरोध जताया। कर्मचारियों को जबरन सेवानिवृत्त किए जाने की निंदा करते हुए सरकार पर शोषण का आरोप लगाया।
बस स्टेशन परिसर में जुटे कर्मचारियों ने जोरदार नारेबाजी की। सरकार विरोधी नारे लगाते बाइक जुलूस की शक्ल में विभिन्न कार्यालयों से होते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचे। जहां पर कर्मचारियों को संबोधित करते हुए संयुक्त परिषद के मंत्री राकेश मणि त्रिपाठी ने कहा कि सरकार हमारी मांगों को लेकर गंभीर नहीं है। इससे पहले 6 सितंबर को भी धरना देकर ज्ञापन दिया गया था। मगर शासन ने इस पर ध्यान नहीं दिया। सरकार के सौतेले व्यवहार से राज्य कर्मचारियों में आक्रोश व्याप्त है।
वरिष्ठ उपाध्यक्ष उमेश चंद्र तिवारी ने कहा कि 50 वर्ष की सेवा पूरी कर रहे कर्मचारियों को जबरन सेवानिवृत्त किया जा रहा है। जो उचित नहीं है। विजय प्रताप सिंह ने कहा कि कर्मचारियों का शोषण किया जा रहा है। समस्याओं का निदान नहीं हो रहा है। जिससे कर्मचारी सड़क पर उतरने को बाध्य हो रहे हैं।
प्रताप नारायण पांडेय ने कहा कि संवादहीनता की वजह से राज्यकर्मचारी आंदोलन के लिए मजबूर हुए हैं। कलेक्ट्रेट संघ के प्रांतीय महामंत्री श्रीनाथधर दूबे ने भी सभा को संबोधित किया।
बाइक जुलूस में लालजी त्रिपाठी, रामसरन गुप्ता, बकाउल्लाह अंसारी, सैफुद्दीन, अमजद खां, गिरिजेश पांडेय, कीर्ति नायक, देवेश पांडेय, चंद्र प्रकाश पांडेय, गजेंद्र उपाध्याय, घनश्याम वरुण, संतोष श्रीवास्तव, रघुनंदन, रमेश गुप्ता, जगदीश प्रसाद, गोरख प्रसाद, विनय पांडेय, हरीराम कन्नौजिया, कौशल किशोर, विनय पांडेय, सुशील यादव, अच्छेलाल, कैलाश, सुरेश सिंह भी मौजूद रहे।