केन्द्रीय विद्यालय का माडल । स्रोत - इंटरनेट
संतकबीरनगर। जिले में केंद्रीय विद्यालय की स्वीकृति मिली है। जंगलऊन में जमीन पहले से चिह्नित है। इस जमीन को केंद्रीय विद्यालय के नाम स्थानांतरण की प्रक्रिया शुरू हो गई है। उम्मीद है कि जल्द ही इस पर कार्रवाई शुरू होगी। फिलहाल अगले सत्र से कक्षाएं चलाने के लिए कमरों की तलाश हो रही है, जिससे लोगों को उम्मीदें बढ़ गई है।
केंद्रीय विद्यालय संगठन ने जिले में केंद्रीय विद्यालय की स्वीकृति प्रदान की है। इसके लिए जंगल ऊन में जमीन चिह्नित की गई है। केंद्रीय विद्यालय की स्वीकृति के बाद प्रशासन की सक्रियता बढ़ गई है। पिछले दिनों डीएम आलोक कुमार ने जहां अधिकारियों की बैठक कर जमीन हस्तांतरण की प्रक्रिया शुरू कराने के निर्देश दिए हैं वहीं मौके का भी निरीक्षण किया था।
उम्मीद की जा रही है कि जल्द ही केंद्रीय विद्यालय के नाम जमीन हस्तांतरण की प्रक्रिया पूरी हो जाएही। इसके साथ ही केंद्रीय विद्यालय के निर्माण का कार्य शुरू हो जाएगा। प्रशासन की मंशा है कि अगले सत्र से कक्षाएं शुरू हो जाएं, इसके लिए कमरों की तलाश भी शुरू कर दी है। जब तक केंद्रीय विद्यालय का निर्माण पूर्ण नहीं हो जाएगा, तब तक कक्षाएं वैकल्पिक व्यवस्था के तहत संचालित होंगी।
इसके लिए डायट, एचआर इंटर काॅलेज आदि स्थानों पर कक्षाएं संचालित करने की संभावनाएं तलाशी जा रही है। केंद्रीय विद्यालय के शुरू होने से जिले के होनहारों को बाहर जाने से राहत मिलेगी।