महराजगंज। स्वरोजगार को बढ़ावा देने के उद्देश्य से जिले में चल रहे मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार कार्यक्रम की प्रगति ठीक नहीं है। उद्यम विभाग की ओर से कुल 168 आवेदकों का आवेदन विभिन्न बैंकों को भेजा गया था। इसमें से बैंकों ने 83 आवेदन स्वीकृत कर दिया, मगर अभी तक 45 को ही ऋण मिला है। 38 आवेदकों को ऋण का इंतजार है।
मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य स्वरोजगार के इच्छुक लोगों को ऋण उपलब्ध कराते हुए उनके व जिले के विकास को गति प्रदान करना है। मगर जिम्मेदारों की लापरवाही के कारण आवेदकों के सपनों को पंख नहीं लग पा रहा है। स्वीकृति मिलने के बाद भी ऋण न मिलने से आवेदक अपने भविष्य को लेकर चिंतित हैं।