नौतनवा। नगर स्थित पड़ाव में रामलीला में राम-जानकी विवाह से लगाए राम के वनवास तक का मंचन किया गया। कलाकारों ने इस प्रसंग में दिखाया कि भगवान राम के गले में सीता वरमाला डालती हैं। विवाह के बाद सीता विदा होकर अयोध्या की ओर प्रस्थान करती हैं। यह मंचन देख श्रद्धालु भाव विभोर हो जाते हैं। उधर, राजा दशरथ राम के राज्याभिषेक का विचार करते हैं। इसी बीच कैकई की दासी मंथरा उन्हें भड़काकर राजा से दो वर मांगने के लिए विवश करती हैं। रानी कैकई दशरथ से दो वर मांगती हैं। जिनका पहला वर भरत को अयोध्या का राजतिलक और दूसरा वर राम के लिए वनवास का होता है। इस दौरान लालमन जायसवाल, राजाराम जायसवाल, विनोद पटवा, पंकज श्रीवास्तव, सुधाकर जायसवाल, राजेश कश्यप, ओमप्रकाश वर्मा मौजूद रहे।