इसे देखते हुए भारतीय सीमा क्षेत्र में विशेष सतर्कता बरती जा रही, एक हफ्ते में 2137 नए संक्रमित मिले
संवाद न्यूज एजेंसी
महराजगंज। भारत नेपाल सीमा से सटे रूपनदेही और नवलपरासी जिला सहित नेपाल के 76 जिलों में डेंगू के मामले बढ़ गए हैं। इसके बाद नेपाल स्वास्थ्य विभाग सतर्क हो गया है। विभाग का कहना है कि नेपाल में तराई से लेकर पहाड़ों तक डेंगू के मामले बढ़ गए हैं। इसे देखते हुए भारतीय सीमा क्षेत्र में भी विशेष सतर्कता बरती जा रही है।
रूपनदेही जिले के संक्रामक रोग विशेषज्ञ डॉ. शेर बहादुर पुन ने बताया कि जब लोग एक जगह से दूसरी जगह जाते हैं, तो भी मच्छर जनित बीमारियां फैलती हैं। उन्होंने कहा कि इस दौरान डेंगू संक्रमण का खतरा भी अधिक है, क्योंकि अधिक संक्रमण वाले जिलों से आने-जाने वाले लोगों की संख्या बढ़ रही है। बताया कि तनहु में संक्रमण तेजी से बढ़ा है। महामारी विज्ञान एवं रोग नियंत्रण प्रभाग के आंकड़ों के मुताबिक, सिर्फ एक हफ्ते में 2137 लोग डेंगू से संक्रमित हैं। तनहु में संक्रमितों की संख्या में वृद्धि के साथ, गोरखा कास्की और अन्य जिलों में संक्रमितों की संख्या का उल्लेख आंकड़ों में किया गया है।
महामारी विज्ञान और रोग नियंत्रण प्रभाग के अनुसार, 39,500 से अधिक लोग डेंगू से संक्रमित हो चुके हैं। अब तक 30,739 लोगों के डेंगू से संक्रमित होने की पुष्टि हो चुकी है। 76 जिलों में से सुनसारी में 10 जिलों में 16 हजार 96 लोगों के संक्रमित होने की पुष्टि हुई है। दूसरे स्थान पर तनाहुन जिले में 5 हजार 242 लोग संक्रमित हैं। तीसरे, झापा में 3,311,000 और धाडिंग में 3,145 लोग डेंगू की चपेट में आ चुके हैं। मोरंग में 2,278 लोग संक्रमित हुए हैं, जबकि कास्की में 1,555 लोग संक्रमित हुए हैं।
बचने के लिए पूरी आस्तीन के कपड़े पहने
बानेश्वर के सिविल अस्पताल के निदेशक डॉ. विधाननिधि पौडेल ने कहा, बानेश्वर के सिविल अस्पताल में 22 डेंगू रोगियों का इलाज किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस समय डेंगू के मरीजों की संख्या बढ़ गई है। सुझाव देते हुए उन्होंने कहा कि डेंगू संक्रमण से बचने के लिए पूरी आस्तीन के कपड़े पहनें, मच्छरदानी के अंदर सोएं, घर की खिड़कियों और दरवाजों पर जाली लगाएं, घर और सार्वजनिक क्षेत्रों में पानी को जमने से रोकें।