फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

खाद्य पदार्थों में खतरनाक मिलावट

Sat, 06 May 2017 12:28 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन
नगर में कोल्ड ड्रिंक्स की दुकानों में एक्सपायरी कोल्ड ड्रिंक नष्ट करती टीम। - फोटो : अमर उजाला ब्‍यूूराो
विज्ञापन
महराजगंज। खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग की ओर से जिले के विभिन्न स्थानों से लिए गए खाद्य पदार्थों के नमूनों में खतरनाक स्तर की मिलावट पाई गई है। खाद्य प्रयोगशाला से विभाग को मिली जांच रिपोर्ट में 87 नमूनों में 45 नमूने फेल पाए गए हैं। 39 नमूने अधोमानक पाए गए हैं, इनमें जरूरी पोषक तत्व कम मात्रा में मिले हैं जबकि 6 नमूनों में तो अखाद्य पदार्थ मिले हैं। ये अखाद्य पदार्थ स्वास्थ्य के लिए घातक बताए गए हैं। खतरनाक स्तर की मिलावट वाले नमूनों में आईसक्रीम का एक, बेसन के तीन, सरसों तेल का एक और कोल्ड ड्रिंक का एक नमूना शामिल है। 
विज्ञापन


खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने फेल नमूने वाले 45 दुकानदारों को नोटिस जारी किया है। अखाद्य पदार्थों की मिलावट के मामले में सीजेएम कोर्ट में आपराधिक मुकदमा दर्ज कराया जाएगा। जबकि अधोमानक पाए गए खाद्य पदार्थों के विक्रेताओं के खिलाफ खिलाफ एडीएम कोर्ट में वाद दाखिल किया जाएगा। 

मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी अजय कुमार तिवारी ने बताया कि पिछले साल 673 दुकानों की जांच कर 187 नमूने लिए गए थे। इनमें 57 की जांच रिपोर्ट आई थी। 11 दुकानदारों के खिलाफ एडीएम न्यायालय में वाद दाखिल हुआ था और 75 हजार रुपये जुर्माना वसूल किया गया था। इस वर्ष अप्रैल व मई में जांच के लिए भेजे गए87 नमूनों की रिपोर्ट आई है।
विज्ञापन


39 नमूनों में मिलावट पाई गई है, जो स्वास्थ्य के लिए ज्यादा हानिकारक नहीं हैं। जबकि छह नमूनों में तो स्वास्थ्य के लिए खतरनाक अखाद्य पदार्थों की मिलावट पाई गई है। संबंधित दुकानदारों के खिलाफ संबंधित न्यायालय में वाद दाखिल किए जाने को लेकर नोटिस जारी कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि सामान्य नुकसान की रिपोर्ट पर एडीएम न्यायालय में वाद दाखिल होता है।

ऐसे मामलों में सिर्फ जुर्माना लगाने का प्रावधान है। लेकिन स्वास्थ्य के लिए खतरनाक मिलावट की रिपोर्ट पर सीजेएम न्यायालय में वाद दाखिल होता है। ऐसे मामलों में कैद व जुर्माना दोनों का प्रावधान है।          
विज्ञापन


 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें