एक माह में आठ नेपाली नागरिकों से 1.68 लाखे की लूट
दशहरा पर्व को देखते हुए नेपाली प्रशासन हुआ सतर्क
अमर उजाला ब्यूरो
नौतनवां। दशहरा पर्व नेपाल में सबसे बडे़ त्योहार के रूप में मनाया जाता है। भारत में काम कर रहे नेपाल के लोगों की कोशिश होती है कि दशहरा पर्व अपने मुल्क में मनाएं। त्योहार के मद्देनजर भारतीय क्षेत्र से अपने घर नेपाल जाने जाने वाले नेपाली नागरिक जहरखुरानों के निशाने पर हैं। एक माह में सोनौली बार्डर के रास्ते नेपाल जाने वाले आठ नेपाली नागरिकों से एक लाख 68 हजार रुपये की लूट हो चुकी है।
नेपाल पुलिस से मिले आंकड़ों के अनुसार सात सितंबर को संतोष राना निवासी कास्की से जहरखुरानों ने नौ हजार रुपये व एक मोबाइल फोन लूट लिया। 15 सितंबर को भीम बहादुर थापा निवासी श्यांजा व धन बहादुर थापा निवासी तिनाउ नगर पालिका वार्ड नंबर सात से पांच हजार रुपये की लूट हुई। 17 सितंबर को जहरखुरानों ने धनबहादुर निवासी वालिंग व हेम बहादुर गुरुंग निवासी लेखनाथ कास्की को अपने चंगुल में लेकर 14 हजार रुपये लूट लिए। 27 सितंबर को दिल बहादुर निवासी देवदह रुपंदेही व अर्जुन निवासी एरावती प्यूठान के साथ एक लाख रुपये की लूट हुई। चार अक्टूबर को यज्ञ बहादुर श्रेष्ठ निवासी गुप्तेषवरी जिला रामेझाप भी जहरखुरानों की लूट का शिकार हुए। इस संबंध में बेलहियां नेपाल के पुलिस इंस्पेक्टर वीर बहादुर थापा का कहना है कि पिछले एक माह के भीतर आठ नेपाली नागरिक जहरखुरानों के शिकार हुए हैं। अधिकांश जहरखुरानी की घटनाएं गोरखपुर, कानपुर व बनारस के पास होती हैं। पीड़ितों के बयान के अनुसार जहरखुरानी कराने वाले गिरेह के सदस्य नेपाली मूल के होते हैं। इस संबंध मे भारतीय प्रशासन से पूरे प्रकरण से अवगत कराया गया है।