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Maharajganj News: सावधान ! सप्लाई का पानी कर देगा बीमार

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सिंचाई कालोनी स्थित एनएच की नाली में गंदे पानी के रास्ते होता पानी की सप्लाई। 
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फोटो...
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इंदौर में दूषित वाटर सप्लाई कांड से जिले में सबक लेने की जरूरत, सेहत को लेकर चिंतित रहते हैं लोग
पड़ताल में कई जगहों पर गंदे नालों से गुजरती मिली पाइप लाइन
महराजगंज। इंदौर में दूषित जलापूर्ति से 15 लोगों की मौत के बाद शुद्ध पेयजल की उपलब्धता को लेकर लोगों की चिंता बढ़ गई है। जनपद के जिम्मेदारों को भी इंदौर की घटना से सबक लेने की जरूरत है। जनपद में भी शहर में पाइप लाइन गंदे नालों से होकर गुजर रही है। यह अगर कहीं लीक हो गई तो दूषित जल सीधे घरों में पहुंचेगा। शहर के अलग अलग क्षेत्र में पाइप लाइन की पड़ताल की गई तो हकीकत सामने आ गई। गंदे स्थानों से होकर गुजरी पाइप लाइन से शुद्ध जल मिलना कितना संभव है, इसका अंदाजा स्वत: ही लगाया जा सकता है।

शनिवार को टीम शहर के अलग-अलग हिस्सों में निकली। पड़ताल में पता चला कि ज्यादातर लोग पानी खरीदकर पीते हैं। तमाम लोगों के घरों में आरओ मशीन लगी है। जो लोग शुद्ध पेयजल के लिए रकम खर्च नहीं सकते हैं, वे ही मजबूरी में नगर पालिका के आपूर्ति का पानी पीते हैं। इनमें भी ज्यादातर लोग सुविधा होने पर पानी खरीद लेते हैं। सेहत को लेकर कोई समझौता नहीं करना चाहता है। हालांकि लोगों का कहना है कि नगर पालिका शुद्ध पेयजल की आपूर्ति करता है लेकिन यह शुद्ध पेयजल घर तक शुद्ध पहुंचे, इसकी गारंटी नहीं है। नेहरू नगर स्थित कांशीराम आवास में पाइप में जंग लगा हुआ दिखा। इसी पाइप से पानी की आपूर्ति होती है। यहीं मिले मोहन कहने लगे की पानी शुद्ध होगा, इसके बारे में कुछ नहीं जा सकता। रुपये होते हैं तो आरओ का पानी खरीद लिया जाता है, नहीं तो वही पानी पीना पड़ता है। पाइप लाइन गंदे जगहों से होकर गुजरती है। कहीं लीक हो जाए तो पानी की शुद्धता कैसे बनी रहेगी।
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सिंचाई कॉलोनी स्थित एनएच की नाली से होकर पाइप लाइन गुजरा हुआ है। नाली की दुर्गंंध के कारण यहां खड़ा रहना भी मुश्किल है। रास्ते से गुजर रहे जितेंद्र प्रसाद कहने लगे कि काफी लंबे समय से पाइप लाइन गंदे जगहों से गुजरी हुई है। कुछ जगहों पर पुरानी पाइप है। अक्सर लीक होती रहती है लेकिन इससे किसी को मतलब नहीं है। ज्ञानदीप ने बताया कि पानी की शुद्धता को बनाए रखने के लिए कारगर प्रयास की जरूरत है। पाइप लाइन की जांच समय-समय पर होती रहनी चाहिए। घटना के बाद ही जिम्मेदारों की नींद खुलती है।
40 किलोमीटर लंबे पाइप लाइन से होती है आपूर्ति
शहर में 40 किलोमीटर वाटर सप्लाई का पाइप बिछाया गया है। घरेलू और सार्वजनिक 3,600 कनेक्शन हैं। नगर पालिका की पुरानी सीमा में पुराना पाइप लाइन है। नए विस्तारीकरण क्षेत्र में अभी पाइप लाइन नहीं गया है। इसके लिए टेंडर हो गया है। जल निगम की ओर से आगे की कार्रवाई की रही है। शहर में दो ओवर हेड टैंक है। इंदिरा नगर में 1,250 किलो लीटर और शिवनगर में ओवर हेड टैंक 650 किलोलीटर क्षमता का है। कांशीराम आवास में लगे चार पंप से आपूर्ति की जाती है। नगर पालिका प्रशासन के मुताबिक सभी पाइप लाइन की जांच होती रहती है। शुद्ध पेय जल आपूर्ति के लिए हर संभव प्रयास जारी है।
कोट..
पानी सप्लाई आती है। बीते दिन पाइप लीक हुआ था तो मरम्मत हुई थी। सेहत को लेकर चिंता रहती है। इस वजह से कभी-कभी आरओ का पानी खरीद लिया जाता है।
-राजकुमार, कांशीराम आवास नेहरू नगर

आपूर्ति का पानी ठीक नहीं लगता है। ऐसे में पानी खरीदना पड़ता है। पास में रकम नहीं रहती है तो इसी से काम चलना पड़ता है। परिसर में लगा हैंडपंप भी शुद्ध जल नहीं देता है।
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-अब्दुल रहीम, कांशीराम आवास

वर्जन
हमारे यहां अंडरग्राउंड पाइप लाइन सुरक्षित है। सीवर लाइन अभी नगर में नहीं है। इसलिए ऐसी समस्या का होना यहां संभव नहीं। इसके अलावा हर तीन माह पर जल निगम व नगर पालिका संयुक्त रूप से लीकेज जांच करती है। अभी दिसम्बर में पड़ताल हुई चार जगह समस्या मिलने पर त्वरित निदान कराया गया।
- आलोक कुमार मिश्रा, अधिशासी अधिकारी, नगर पालिका परिषद महराजगंज
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