पूर्व मंत्री अमरमणि के ऑफिस की भूमि की नहीं हो पाई पैमाइश
महराजगंज। पूर्व मंत्री अमर मणि त्रिपाठी व वर्तमान नौतनवां विधायक अमन मणि त्रिपाठी के नौतनवां कार्यालय पर मंगलवार को काफी गहमागहमी का माहौल रहा। मामला कार्यालय भूमि के पिछले हिस्से के पैमाइश का था। इसको लेकर रेलवे और अमरमणि त्रिपाठी वाद में पैमाइश की तिथि मंगलवार को मुकर्रर की गई थी। रेलवे की टीम पैमाइश करने पहुंची थी लेकिन नौतनवां लेखपाल मौजूद नहीं थे। इसके चलते रेलवे की पक्षकारी टीम घंटों इंतजार के बाद बेरंग लौट गई।
बताया जा रहा है कि अमरमणि त्रिपाठी के नौतनवां स्थित कार्यालय का वर्षों से रेलवे विभाग से विवाद चल रहा है। इस हाईप्रोफाइल विवाद को निस्तारित करने के लिए कई बार प्रशासनिक अमले को पसीने बहाने पड़े हैं। लेकिन अब तक कोई हल नहीं निकल पाया है। उक्त भूमि की पैमाइश की दोनों पक्षों की यह तीसरी कोशिश है। नौतनवां विधायक अमन मणि त्रिपाठी ने बताया कि उनके कार्यालय के पीछे की भूमि जो कि रेलवे की भूमि से सटी है। उसमें सूअर बाड़े जैसी स्थिति है। इसकी वजह से वह अपनी भूमि को बाउंड्री कराना चाह रहे हैं। उनकी अर्जी राजस्व विभाग में है। लेकिन रेल प्रशासन कोई न कोई बहाना कर पैमाइश को टाल रहा है।
रेलवे के अधिकारी सीनियर सेक्सन इंजीनियर सूयस सिंह का कहना है कि मंगलवार को विवादित भूमि की पैमाइश की तिथि तय थी। लेकिन घंटों इंतजार के बाद भी राजस्व विभाग का कोई अधिकारी व कर्मचारी नहीं पहुंचा इसलिए उन्हें वापस लौटना पड़ा।