समस्या का समाधान कराने के लिए झाड़-फूंक के नाम पर 20 से 25 लाख रुपये लेने का आरोप
पूछताछ के दौरान अंधविश्वास से जुड़ा होने का मामला आया सामने
परतावल। नगर पंचायत परतावल के एक वार्ड में रविवार सुबह झाड़-फूंक के विवाद को लेकर दो पक्षों के बीच मारपीट हो गई। घटना के दौरान कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। सूचना पर पहुंची पुलिस दोनों पक्षों को चौकी ले गई।
जानकारी के अनुसार, गोरखपुर जिले के पिपराइच थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी व्यक्ति ने आरोप लगाया कि पारिवारिक समस्या के समाधान के लिए वह वर्ष 1998 में कुशीनगर जिले के कप्तानगंज थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी सोखा के पास गया था। परतावल–पिपराइच मार्ग पर उसकी दुकान होने के कारण वह लगातार झाड़-फूंक के नाम पर वहां आता-जाता रहा। आरोप है कि इस दौरान सोखा ने इलाज के नाम पर उससे करीब 20 से 25 लाख रुपये ले लिए लेकिन उसकी समस्या का समाधान नहीं हो सका।
बताया जा रहा है कि कुछ वर्ष पहले सोखा की मौत होने के बाद उसके भतीजे ने भी झाड़-फूंक का कार्य शुरू कर दिया। पीड़ित व्यक्ति नाराज होकर रविवार को परतावल स्थित सोखा के भतीजे की दुकान पर पहुंचा, जहां दोनों पक्षों में कहासुनी हो गई और देखते ही देखते विवाद मारपीट में बदल गया। हंगामा बढ़ने पर आसपास के लोगों ने पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस दोनों पक्षों को चौकी ले आई। बाद में दोनों पक्षों के परिजन और समर्थक भी वहां पहुंच गए। घंटों चली पंचायत और समझाइश के बाद दोनों पक्षों के बीच सुलह-समझौता हो गया।
इस संबंध में उप निरीक्षक अखिलेश यादव ने बताया कि झाड़-फूंक को लेकर दो पक्षों में विवाद हुआ था। दोनों पक्ष किसी प्रकार की कानूनी कार्रवाई नहीं चाहते थे, इसलिए आपसी सहमति से समझौता कर लिया है।