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प्रति शिक्षक 25-25 हजार में हुआ था सौदा

Thu, 24 Oct 2013 05:39 AM IST
Maharajganj
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महराजगंज। निलंबित बीएसए सूर्यप्रकाश सिंह और लिपिक यशवंत कहां हैं, पुलिस को भले ही इसकी जानकारी न हो लेकिन विभाग के एक कर्मचारी को उनकी गतिविधियों के बारे में सबकुछ पता है। सूत्रों की मानें तो उसी कर्मचारी के माध्यम से बीएसए ने अपना सरकारी मोबाइल सेट बुधवार को कार्यालय पहुंचवा दिया। हालांकि इस बारे में विभाग के लोग कुछ बोलना नहीं चाहते हैं। दूसरी ओर समायोजन के लिए प्रत्येक शिक्षक से 25-25 हजार रुपये वसूलने की बात भी कही जा रही है।
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भ्रष्टाचार का मामला उजागर होने के बाद तीसरे दिन बुधवार को भी बीएसए ऑफिस में सन्नाटा पसरा रहा। कर्मचारी आए तो थे लेकिन उनके चेहरे पर एक अजीब भय दिख रहा था। भय इस बात का कि कब, कौन जांच के दायरे में आ जाए। कैंट पुलिस बीएसए सूर्यप्रकाश सिंह और लिपिक यशवंत सिंह की गिरफ्तारी को लेकर कितना सतर्क है, यह तो वह जाने। लेकिन सूत्रों के अनुसार दोनों के बारे में विभाग के एक कर्मचारी को सबकुछ पता है। चर्चा है कि बीएसए ने अपना सरकारी मोबाइल सेट उस कर्मचारी के माध्यम से ऑफिस में पहुंचा दिया है।
समायोजन के नाम पर शिक्षकों से 25-25 हजार रुपये वसूली का मामला प्रकाश में आया है। सूत्रों की मानें तो पहले शिक्षकों से 20-20 हजार रुपये समायोजन के नाम पर ले लिया गया था। लेकिन विभाग के एक कर्मचारी के कहने पर पांच-पांच हजार रुपये और शिक्षकों से मांगा गया। इसे लेकर शिक्षकों ने आपत्ति जताई थी। 372 शिक्षकों से 25-25 हजार रुपये के हिसाब से 93 लाख रुपये एेंठने की तैयारी थी।
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आज कार्यभार ग्रहण करेंगे कार्यवाहक बीएसए
कार्यवाहक बीएसए जयप्रकाश गुरुवार को कार्यभार ग्रहण करेंगे। वह बुधवार को कार्यभार ग्रहण करने वाले थे लेकिन कुछ कारणों से नहीं कर सके।
सरेंडर की होती रही चर्चा
निलंबित बीएसए सूर्यप्रकाश सिंह और यशवंत के सरेंडर की दिन भर चर्चा होती रही। जानकारों के अनुसार आरोपी वहीं सरेंडर कर सकता है। जहां का केस हो। अधिकारी का मामला होने के कारण पुलिस भी कोई विशेष रुचि नहीं ले रही है।
वसूली की जांच हो : संजय
प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष संजय कुमार मिश्र ने का कहना है कि समायोजन और पदोन्नति के नाम पर खंड शिक्षा अधिकारियों ने 25 से 30 हजार रुपये की वसूली की है। इसकी जांच होनी चाहिए।
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