पुरंदरपुर। क्षेत्र में एक किसान की अगैती खेती की खूब चर्चा हो रही है। दूर-दूर से लोग किसान के पास पहुंच रहे हैं और उनसे अगैती खेती के बारे में जानकारी हासिल कर रहे हैं। लोग किसान के खेत तक भी पहुंच रहे हैं, जहां धान की बालियां लहलहा रही हैं, जबकि जिले के कई हिस्सों में अभी धान की रोपाई भी नहीं हुई है।
गांव समरधीरा निवासी रोहित गौतम ने 50 डिस्मिल खेत में अगैती खेती की है। रोहित ने दो मार्च को नई किस्म के धान पन्ना गोल्ड का बीज खेत में डाला था। ठीक पच्चीस दिन बाद 27 मार्च को उन्होंने धान की रोपाई कराई और समय-समय पर फसल को पानी देते रहे। अब उनके खेत में धान की फसल लगभग पक कर तैयार है। जल्द ही इसकी कटाई कराई जाएगी।
रोहित का कहना है कि किसानों को नई तकनीक से खेती करनी चाहिए। उन्होंने बताया कि पन्ना गोल्ड बीज का उपयोग करने पर 130-135 दिनों में फसल कटाई के लिए तैयार हो जाती है। एक एकड़ में छह किलोग्राम बीज डालना होता है, जबकि पैदावार 30 क्विंटल होती है। इसमें पौधे की ऊंचाई 90-95 सेंटीमीटर तक होती है। जुलाई के अंत तक फसल कटने योग्य हो जाएगी।