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Maharajganj News: विदेश भेजने का झांसा देकर 11 लोगों से 8.73 लाख की ठगी

Tue, 22 Jul 2025 12:54 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
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महराजगंज। विदेश भेजने के नाम पर 11 लोगों से 8,73,660 लाख की ठगी कर ली गई। परसौनी थाना क्षेत्र के खोस्टा निवासी विनोद ने न्यायिक मजिस्ट्रेट महराजगंज के समक्ष वाद दायर कर जिलेदार अंसारी और उनके बेटे अनवर अली उर्फ फिरोज अली पर फर्जी वीजा, टिकट और अन्य दस्तावेज देकर 10 अन्य रिश्तेदारों व दोस्तों से ठगी का आरोप लगाया था।
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कोर्ट के आदेश पर सोमवार को पुलिस ने दोनों आरोपियों के विरुद्ध केस दर्ज कर लिया। विनोद ने चार जुलाई को न्यायिक मजिस्ट्रेट के समक्ष दाखिल वाद में बताया कि फरवरी माह में उनकी मुलाकात मंगलपुर नंदना, थाना घुघली निवासी जिलेदार अंसारी से हुई थी। जिलेदार ने दावा किया कि उनका बेटा अनवर अली बेरोजगार युवकों को विदेश भेजने का काम करता है और कुवैत में अच्छा वीजा दिलवा सकता है। विनोद ने बताया कि सोचा काम मिल जाएगा तो आर्थिक तंगी दूर हो जाएगी। बेरोजगारी से परेशान रिश्तेदारों को कुवैत में काम मिलने की बात कही तो वे लोग भी तैयार हो गए। कोई उधार लेकर रकम का इंतजाम किया तो कोई खेत गिरवी कर दिया। रिश्तेदार जितेंद्र, मंजीत, संजय, अखिलेश, प्रकाश, अजय गौतम, ज्ञानेंद्र, रंगी, सन्नी और सूरज ने 50000 से 100000 रुपये के बीच में रकम दी।
सभी को काम मिलने का भरोसा हो गया था। मंजीत ने बताया कि उधार लेकर रकम दिया हूं। इसी तरह से अन्य लोगों को खेत गिरवी रखकर और सूद पर पैसे लेकर कुल 8,73,660 रुपये जुटाए, जिसमें 3,16,670 रुपये नकद और 5,56,990 रुपये ऑनलाइन न्यूआर कोड के जरिए जिलेदार और अनवर को दिया गया।
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आरोपियों ने फर्जी वीजा, टिकट, मेडिकल दस्तावेज और एग्रीमेंट सौंपे, दावा करते हुए बताया कि 20 अप्रैल को दिल्ली से उनकी फ्लाइट है। जब सभी दिल्ली हवाई अड्डा पहुंचे तो पता चला कि सभी दस्तावेज फर्जी थे। पासपोर्ट भी ठीक नहीं था। उसे भी कूटरचित बनाकर दिया गया था।
निराश होकर सभी लौटे और आरोपियों से पैसे वापस मांगे, लेकिन दोनों ने पैसे लौटाने से इनकार कर दिया। चौक में शिकायत दर्ज की, लेकिन कोई कार्रवाई न होने पर उन्होंने पुलिस अधीक्षक को सूचित किया। इसके बाद भी कार्रवाई न होने पर चार जुलाई को न्यायालय में वाद दाखिल किया गया। इसके बाद न्यायालय ने मामले में केस दर्ज करने का आदेश 20 जुलाई को दिया।
परिवाद में बताया कि वह आर्थिक रूप से कमजोर हैं और स्वयं केस लड़ने में असमर्थ हैं। उन्होंने न्यायालय से थानाध्यक्ष चौक को केस दर्ज कर विवेचना करने का आदेश देने की गुहार लगाई है। थानाध्यक्ष ओम प्रकाश गुप्ता ने बताया कि वाद के आधार पर दोनों आरोपियों पर केस दर्ज कर विवेचना की जा रही है।
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